शुक्लाम्बरधरं विष्णुं शशिवर्णं चतुर्भुजम्।
प्रसन्नवदनं ध्यायेत् सर्वविघ्नोपशान्तये।।
शान्ताकारं भुजगशयनं पद्मनाभं सुरेशं,
विश्वाधारं गगनसदृशं मेघवर्णं शुभाङ्गम्।
लक्ष्मीकान्तं कमलनयनं योगिभिर्ध्यानगम्यम्,
वन्दे विष्णुं भवभयहरं सर्वलोकैकनाथम्॥
इस श्लोक में यह बताया गया है कि कौनसे संकट में भगवान श्री हरि विष्णु का कौनसा नाम लेना चाहिए। जो कोई भी भक्त इस श्री विष्णु षोडश नाम स्तोत्र का प्रात:काल नित्य पाठ करता है कि दूर दूर तक सभी संकट उससे दूर रहते हैं और वह जीवन में गहन शांति को अनुभव करता है। यह चमत्कारिक स्त्रोत है।
दिग्गज क्रिकेट सचिन तेंदुलकर के बेटे अर्जुन तेंदुलकर के विवाह समारोह में गुरुवार को फिल्मी सितारों के साथ क्रिकेट जगत की कई जानी-मानी हस्तियां शामिल हुईं। समारोह में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के अध्यक्ष जय शाह भी मौजूद खास लोगों में शामिल थे। भारतीय टीम के पूर्व मुख्य कोच रवि शास्त्री अपने परिवार के साथ पहुंचे, जबकि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला भी इस मौके पर मौजूद थे।
दुनिया में मां और बेटे का रिश्ता ममता का होता है, लेकिन सतयुग में बिंदु सरोवर के तट पर एक ऐसा दिव्य संवाद हुआ, जिसने आने वाली समस्त पीढ़ियों को भक्ति और ज्ञान का मार्ग दिखाया। यह कहानी है राजकुमारी देवहूति की।