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नवरात्रि में इस फलाहार से बन रहेंगे हेल्दी, जानें कैसे बनाएं लाजवाब कोकोनट विथ मखाना sweets

मंगलवार,अप्रैल 13, 2021
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डॉ. बाबासाहेब आम्बेडकर (डॉ॰ भीमराव रामजी आम्बेडकर) बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी थे। उन्होंने अपने बहुआयामी व्यक्तित्व के कारण न केवल भारत में, बल्कि विश्व में भारत की नाम अलौकित किया। आओ जानते हैं उनके संबंध में 10 खास बातें।
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इस दिन खासकर आम की चटनी यानी पच्चड़ी बनाई जाती है। यहां भगवान को अर्पित किए जाने वाले अनेक पकवानों में 'उगादी पच्चड़ी' मुख्य आकर्षण रहता है जिसे घर-घर में बनाया जाता है।
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PCOD आज के वक्त में सबसे कॉमन बीमारी महिलाओं को होने लगी है। यह बीमारी जरूर आम हो सकती है है। लेकिन इसका प्रभाव जान ले सकता है।
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अच्छी आदत से अच्छा होगा और बुरी आदत से बुरा। जरूरी नहीं कि आप बुरी आदतों के शिकार बन गए हों और आप उन्हें छोड़ना चाहते हों। अच्छी आदतें भी नुकसान पहुंचाने वाली सिद्ध हो सकती है या कहें कि किसी भी प्रकार की आदत या लत का होना ही नुकसानदायक है। हालांकि ...
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अक्सर घर को डेकोर करने के लिए कई तरह के पौधे लगाएं जाते हैं लेकिन कई बार इसलिए भी नहीं लगाते हैं क्योंकि मच्छर होने लगते हैं। हालांकि घर में पौधे लगाने से ताजगी बनी रहती है।
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गुड़ी पड़वा के पावन पर्व पर हम आपके लिए लेकर आए हैं कुछ खास तरह की पारंपरिक रेसिपीज, इन डिशेस से करें स्वागत गुड़ी पड़वा का और बने रहे सेहतमंद और खुश-
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मोटापा महिलाओं में दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है। पहले पीरियड्स रेग्युलर नहीं होने पर यह समस्या होने लगती है। फिर प्रेंग्नेंसी के बाद मोटापा बढ़ने लगता है। मोटापा बढ़ने से दूसरी समस्याएं भी बढ़ने लगती है।
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हिन्दू नव वर्ष का आरंभ चैत्र मास की शुक्ल प्रतिपदा को शक्ति-भक्ति की उपासना, चैत्र नवरात्रि से होता है। पंचाग रचना का भी यही दिन माना जाता है। महान गणितज्ञ भाष्कराचार्य ने इसी दिन सूर्योदय से सूर्यास्त तक दिन, महीना और वर्ष की गणना कर पंचाग की रचना ...
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पिछले साल की तरह इस वर्ष का यह प्रतिपदा पर्व चिरस्मरणीय होगा।जीवन की इस अनिश्चितता में, जबकि मृत्यु के भय और अभय का सूक्ष्म अंतर समाप्त होने की कगार पर विश्व जूझ रहा है, हमें विनयावनत होना चाहिए, अपनी जगतधात्री प्रकृति, सभी धर्म, गोचर-अगोचर व ...
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कहा जाता है कि ब्रह्मा ने सूर्योदय होने पर सबसे पहले चैत्र शुक्ल प्रतिपदा को सृष्टि की संरचना शुरू की। उन्होंने इसे प्रतिपदा तिथि को सर्वोत्तम तिथि कहा था इसलिए इसको सृष्टि का प्रथम दिवस भी कहते हैं।
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इस समय देश की कोरोना वायरस के कारण जो स्थिति है, उसको ध्यान में रखते हुए हमें अपने साथ-साथ घर की साफ-सफाई का विशेषतौर पर ध्यान रखना बेहद जरूरी हो जाता है। वैसे तो सभी लोग अपने घर को रोजाना ही साफ करते व करवाते हैं, लेकिन कुछ ऐसी चीजें हैं जिन्हें ...
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कंधे और पीठ में दर्द होने पर कौन-सी एक्सरसाइज की जानी चाहिए, इस बारे में बता रहे हैं डॉ. चंद्रशेखर विश्वकर्मा, जो कि फिजियोथैरेपिस्ट एवं योग प्रशिक्षक हैं....
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कोविड-19 कोरोना वायरस के दौर में घर पर ही रहना पड़ रहा है। बहुत से लोगों वर्क फ्रॉम होम है। ऐसे में ना तो पैदल चलना, दौड़ना, टहलना या जिम में कसरत करना नहीं हो पा रहा है तो एक ओर जहां मोटामा बढ़ रहा है, तोंद निकल रही है तो दूसरी ओर कई तरह के रोग की ...
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कोरोना वायरस के कारण इस वक्त पूरा देश परेशान है। इस महामारी से बचने के लिए लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग रखने के लिए कहा जा रहा है इसलिए लॉकडाउन लागू किया गया। जिसके तहत लोग अपने घरों में रहें और इस संक्रमण से खुद और अपने परिवार को स्वस्थ रख ...
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आधुनिक युग में मशीनों की संगत में लिंक का जबरदस्त महत्त्व है। पसंद की चीज ढूंढनी हो तो फलानी लिंक, किसी से जुड़ना हो तो ढीकानी लिंक। वैसे ही इस कोरोना नैराश्य को भगाना हो तो सकारात्मकता की लिंक। हताशा से जीतना हो तो परिवार के जीवन प्रेम व आत्मीयता की ...
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याद रहे कि काम शुरू ऐबक ने करवाया था और पूरा करवाया इल्तुतमिश ने, और १३८६ में मीनार को दुर्घटना के बाद दुरुस्त करवाया फिरोजशाह तुगलक ने। कुछ इतिहासकार मानते हैं कि कुतुबुद्दीन ऐबक के नाम पर ही इस मीनार का नाम पड़ा।
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आयुर्वेद प्रकृति के अनुसार जीवन जीने की सलाह देता है। आयुर्वेद मानता है कि हमारी अधिकतर बीमारियों का जन्म स्थान हमारा दिमाग है। इच्छाएं, भाव, द्वेष, क्रोध, लालच, काम आदि नकारात्मक प्रवृत्तियों से कई तरह के रोग उत्पन्न होते हैं। आयुर्वेद के अनुसार ...
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अक्सर कहते हैं नमक जब होता है तो किसी को उसका भान नहीं रहता है लेकिन जब सब्जी में वह नहीं रहता है तो सभी को उसकी याद आने लगती है
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कोरोना वायरस का प्रकोप अभी भी जारी है। पिछले साल 2020 में वर्क कल्चर में हुए बदलाव का सितम वहीं बना हुआ है। आज इस कठिन समय में दुनिया की बड़ी से बड़ी
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