उत्तराखंड में पहली बार कोसी नदी पर महाआरती, क्या बोले सीएम धामी?
गंगा आरती की तर्ज पर कोसी नदी पर पहली बार शुरू हु्ई महाआरती। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मां कोसी का हमारे जीवन में विशेष महत्व है, मां गिरिजा देवी के प्रति श्रद्धालुओं की अटूट आस्था हमारी धार्मिक पंरपराओं को और अधिक समृद्ध बनाती है।
उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की पहचान हमारी आस्था, आध्यात्मिक पंरपराओं और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से है। हमारी नदियां केवल जल की धारा नहीं बल्कि सभ्यता, संस्कृति व जनजीवन की जीवन रेखा है।
सीएम धामी ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी पोस्ट में कहा कि गंगा आरती की तर्ज पर कोसी नदी के तट पर भव्य आरती व माँ गिरिजा देवी के पूजन से आध्यात्मिक पर्यटन को मिलेगी नई पहचान!
गंगा आरती की तर्ज पर कोसी नदी के तट पर भव्य आरती व माँ गिरिजा देवी के पूजन से आध्यात्मिक पर्यटन को मिलेगी नई पहचान! रामनगर में पवित्र कोसी नदी के तट पर भव्य आरती तथा माँ गिरिजा देवी के दिव्य पूजन की शुरुआत धार्मिक आस्था को नई ऊर्जा देने के साथ-साथ क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। यह पहल श्रद्धालुओं के आध्यात्मिक अनुभव को अविस्मरणीय बनाएगी तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार के नए अवसरों को भी प्रोत्साहित करेगी।
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) October 11, 2026
उन्होंने कहा कि रामनगर में पवित्र कोसी नदी के तट पर भव्य आरती तथा माँ गिरिजा देवी के दिव्य पूजन की शुरुआत धार्मिक आस्था को नई ऊर्जा देने के साथ-साथ क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। यह पहल श्रद्धालुओं के आध्यात्मिक अनुभव को अविस्मरणीय बनाएगी तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार के नए अवसरों को भी प्रोत्साहित करेगी।

