क्या होता है विरासत टैक्स, क्यों सियासत में इसे लेकर उठा है बवाल?
- दुनिया के कितने देशों में लगता है विरासत टैक्स
- क्या भारत में भी लागू है विरासत टैक्स (inheritance tax)
- विरासत टैक्स inheritance tax को लेकर भारत में क्या है विवाद
- समझिए विरासत टैक्स inheritance tax का पूरा गणित
क्या कहा था सैम पित्रोदा ने : सैम पित्रोदा ने इस कानून की वकालत करते हुए कहा कि यह कानून कहता है कि आपने अपने जीवन में जो भी संपत्ति बनाई, जब आप इस दुनिया से जा रहे हैं तो आपको इस संपत्ति का आधा हिस्सा जनता के लिए छोड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह एक निष्पक्ष कानून है और मुझे अच्छा लगता है। भारत में ऐसा नहीं है। भारत में किसी के पास 10 अरब की संपत्ति है और वह मर गया तो उसके बच्चों को पूरी प्रॉपर्टी मिल जाती है, इसमें से जनता को कुछ नहीं मिलता।
राहुल गांधी के बयान से शुरू हुआ विवाद : ये पूरा विवाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बयान से शुरू हुआ था। राहुल ने कहा था कि अगर उनकी सरकार सत्ता में आई तो सर्वे कराया जाएगा और पता लगाया जाएगा कि किसके पास कितनी संपत्ति है।
कौन देता है विरासत टैक्स : विरासत टैक्स एक तरह से संपत्ति पर एक टैक्स है, जिसमें किसी मृत व्यक्ति से पैसा या घर किसी को विरासत में मिला है तो जिस व्यक्ति को संपत्ति विरासत में मिलती है, वह टैक्स का भुगतान करता है। टैक्स की दरें विरासत में मिली संपत्ति और मृतक के साथ उत्तराधिकारी के रिश्ते के पर अलग-अलग होती है। आमतौर पर आप मृतक के जितना करीब होंगे, आपको यह टैक्स चुकाने की संभावना उतनी ही कम होगी। पति-पत्नी को हमेशा विरासत टैक्स का भुगतान करने से छूट दी जाती है, परिवार के सदस्यों को भी अक्सर कम दर का भुगतान करना पड़ता है।
क्या भारत में लगता है विरासत टैक्स : भारत में विरासत टैक्स नाम से कोई भी टैक्स सरकार नहीं वसूलती है। भारत का टैक्स सिस्टम उम्र के के हिसाब से बांटा गया है, जिसमें 60 वर्ष से नीचे वालों के लिए अलग प्रावधान और छूट है, जबकी 60-80 वालों के लिए अलग व्यवस्था है। जबकि अमेरिका के टैक्स सिस्टम की बात करें तो वहां सिंगल व्यक्ति के लिए अलग प्रावधान है, जिसमें अनमैरिड और डिवोर्स ले चुके लोग आते हैं। वहीं विवाहित जोड़े के लिए ज्वाइंट इनकम के आधार पर अलग से टैक्स सिस्टम तैयार किया गया है।
विरासत टैक्स और संपत्ति कर में क्या अंतर : बता दें कि विरासत टैक्स और संपत्ति कर दोनों अलग-अलग हैं। एस्टेट टैक्स संपत्ति के बंटवारे से पहले ही उस प्रॉपर्टी पर लगाया जाता है। विरासत टैक्स सीधे उन लोगों पर लगता है, जिन्हें विरासत में संपत्ति मिलती है। अगर इस संपत्ति से किसी तरह की कमाई होती है तो उस पर अलग से इनकम टैक्स भी लगता है। अभी अमेरिका में आयोवा, केंटकी, मैरीलैंड, नेब्रास्का, न्यू जर्सी और पेंसिलवेनिया में विरासत टैक्स लगाया जाता है।
किस देश में कितना लगता है विरासत टैक्स : बता दें कि अमेरिका के अलावा दुनिया में कई ऐसे देश हैं, जहां विरासत टैक्स लगाया जाता है। tax federation.org research के एक सर्वे के मुताबिक जानते हैं किस देश में कितना विरासत टैक्स वसूला जाता है।
- जापान में 55 प्रतिशत विरासत टैक्स लगता है
- साउथ कोरिया में 55 प्रतिशत विरासत टैक्स
- फ्रांस में 45 प्रतिशत विरासत टैक्स
- अमेरिका में 40 प्रतिशत विरासत टैक्स
- ब्रिटेन में 40 प्रतिशत विरासत टैक्स
- स्पेन में 34 प्रतिशत विरासत टैक्स
- आयरलैंड 33 प्रतिशत विरासत टैक्स
- बेल्जियम में 30 प्रतिशत विरासत टैक्स
- जर्मनी में 30 प्रतिशत विरासत टैक्स
- चिली में 25 प्रतिशत विरासत टैक्स
- ग्रीस में 20 प्रतिशत विरासत टैक्स
- नीदरलैंड में 20 प्रतिशत विरासत टैक्स
- फिनलैंड में 19 प्रतिशत विरासत टैक्स
- डेनमार्क में 15 प्रतिशत विरासत टैक्स
- आइसलैंड में 10 प्रतिशत विरासत टैक्स
- पोलैंड में 7 प्रतिशत विरासत टैक्स
- स्विट्जरलैंड में 7 प्रतिशत विरासत टैक्स
- इटली में 4 प्रतिशत विरासत टैक्स

