बंबई हाईकोर्ट के जज रोहित देव ने दिया इस्तीफा
Bombay High Court judge Rohit Dev Resigns : बंबई उच्च न्यायालय के न्यायाधीश रोहित देव ने शुक्रवार को कहा कि उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। न्यायमूर्ति देव ने इस्तीफा देने की वजह स्पष्ट नहीं की है, लेकिन उन्होंने कहा कि वह अपने आत्मसम्मान के विरुद्ध काम नहीं कर सकते।
बंबई उच्च न्यायालय की नागपुर पीठ के न्यायमूर्ति देव ने अदालत में कई वकीलों की मौजूदगी में यह घोषणा की। उसके बाद आज के लिए उनके समक्ष सूचीबद्ध मामले निस्तारित मान लिए गए। अदालत कक्ष में मौके पर मौजूद एक वकील के अनुसार न्यायमूर्ति देव ने इस्तीफा देने की वजह स्पष्ट नहीं की है, लेकिन उन्होंने कहा कि वह अपने आत्म सम्मान के विरुद्ध काम नहीं कर सकते।
पिछले साल न्यायमूर्ति देव ने माओवादियों के साथ कथित संबंध के मामले में दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर जीएन साईंबाबा को बरी कर दिया था और कहा था कि अवैध गतिविधि रोकथाम अधिनियम के तहत वैध मंजूरी के अभाव में सुनवाई की कार्यवाही अमान्य है। उच्चतम न्यायालय ने इस आदेश पर स्थगन लगा दिया था और उच्च न्यायालय की नागपुर पीठ को इस मामले पर नए सिरे से सुनवाई करने का आदेश दिया था।
न्यायमूर्ति देव ने महाराष्ट्र सरकार के तीन जनवरी के सरकारी प्रस्ताव (जीआर) के क्रियान्वयन पर स्थगन लगा दिया था। इस प्रस्ताव के माध्यम से राज्य सरकार को नागपुर-मुंबई समृद्धि एक्सप्रेसवे के निर्माण या क्रियान्वयन कार्य में लगे ठेकेदारों द्वारा किए जा रहे लघु खनिज के संबंध में राजस्व विभाग की दंडात्मक कार्यवाही को रद्द करने का अधिकार दिया गया था।
शुक्रवार को न्यायमूर्ति देव ने अदालत में मौजूद वकीलों से कहा कि वह चाहते हैं कि वे (वकील) कठिन परिश्रम करते रहें। उन्होंने कई मौकों पर सख्त रुख अपनाने को लेकर उनसे माफी भी मांगी।
न्यायमूर्ति देव को जून, 2017 में बंबई उच्च न्यायालय में न्यायाधीश नियुक्त किया था और वह दिसंबर, 2025 में सेवानिवृत्त होने वाले थे। उच्च न्यायालय में न्यायाधीश नियुक्त किए जाने से पूर्व उन्होंने वर्ष 2016 में महाराष्ट्र सरकार के लिए महाधिवक्ता के रूप में काम किया था।
Edited By : Chetan Gour (भाषा)
Edited By : Chetan Gour (भाषा)

