1. समाचार
  2. मुख्य ख़बरें
  3. राष्ट्रीय
  4. India China LAC tention

LAC पर चीन को महंगी पड़ी चालबाजी, भारत ने मजबूत की स्थिति

India
नई दिल्ली। चीन से LAC विवाद के बीच भारतीय सेना ने अतिरिक्त सैनिकों के साथ ही टैंकों की तैनाती करके पैंगोंग सो के दक्षिणी तटीय क्षेत्र के आसपास अपनी उपस्थिति को और मजबूत किया है।
 
चीन द्वारा पैंगोंग सो के दक्षिणी तटीय इलाके में यथास्थिति बदलने के ताजा प्रयास के मद्देनजर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को पूर्वी लद्दाख में स्थिति की व्यापक समीक्षा की।
 
आधिकारिक सूत्रों ने कहा, 'लगभग दो घंटे चली बैठक में यह निर्णय लिया गया कि भारतीय सेना वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के साथ सभी संवेदनशील क्षेत्रों में अपना आक्रामक रुख जारी रखेगी ताकि चीन के किसी भी 'दुस्साहस' से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।'
 
उन्होंने कहा कि भारतीय सेना ने अतिरिक्त सैनिकों के साथ ही टैंकों की तैनाती करके पैंगोंग सो के दक्षिणी तटीय क्षेत्र के आसपास अपनी उपस्थिति को और मजबूत किया है।
 
एक सूत्र ने कहा, 'भारतीय सेना अब पैंगोंग सो के दक्षिण तट के पास की सभी रणनीतिक पर्वत उंचाइयों पर हावी है।'
 
उन्होंने बताया कि बैठक में विदेश मंत्री एस जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत, सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे, वायु सेना प्रमुख आरकेएस भदौरिया सहित अन्य शामिल थे।
 
थल सेना प्रमुख नरवणे ने बैठक में मौजूदा स्थिति, सेना की परिचालन तैयारियों और सर्दियों के महीनों में कर्मियों एवं हथियारों की मौजूदा स्थिति बनाए रखने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी।
 
चीन को महंगी पड़ी गलती : इस बीच, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने मंगलवार को कहा कि चीनी पक्ष ने उन बातों की अनदेखी की जिन पर पहले सहमति बनी थी और 29 अगस्त एवं 30 अगस्त की देर रात को उकसावे वाली सैन्य कार्रवाई के जरिये दक्षिणी तटीय इलाकों में यथास्थिति को बदलने का प्रयास किया।
 
उन्होंने कहा कि जैसा कि भारतीय सेना ने सोमवार को बताया, भारतीय पक्ष ने अपनी क्षेत्रीय अखंडता एवं अपने हितों की रक्षा के लिये वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर चीन की उकसावे वाली कार्रवाई का जवाब दिया और उचित रक्षात्मक कदम उठाए।
 
आज फिर ब्रिग्रडियर कमांडर लेवल की बैठक : भारत और चीन के ब्रिगेडियर कमांडर लेवल की बैठक आज सुबह 10 बजे चुशूल में होगी। 2 दिनों स दोनों देशों के बीच बातचीत का दौर चल रहा है। (भाषा)
अगला लेख
यूरोप में स्कूल खुले, फ्रांस के प्रधानमंत्री बच्चों के साथ कक्षा में बैठे