PM मोदी के 56 इंच वाले आइडिया पर अटैक कर रहा है चीन, राहुल गांधी ने शेयर किया वीडियो
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चीन को लेकर एक बार फिर मोदी सरकार पर निशाना साधा है। भारत और चीन विवाद पर अपनी सीरीज का दूसरा वीडियो सोमवार को जारी किया। राहुल गांधी ने इसमें केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा है कि चीन के साथ ये कोई साधारण सीमा विवाद नहीं है। यह सुनियोजित विवाद है, ताकि भारत के प्रधानमंत्री पर दबाव बनाया जा सके। राहुल गांधी ने चीन की विस्तारवादी नीति के बारे में भी अपनी राय रखी है। उन्होंने केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा है कि चीन पीएम नरेंद्र मोदी के 56 इंच वाले आइडिया पर अटैक कर रहा है।
PM fabricated a fake strongman image to come to power. It was his biggest strength.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 20, 2020
It is now India’s biggest weakness. pic.twitter.com/ifAplkFpVv
वीडियो में राहुल गांधी ने कहा कि चीन के साथ यह साधारण सीमा विवाद नहीं है। मेरी चिंता है कि चीनी आज हमारे इलाके में बैठे हैं। चीन बगैर रणनीतिक सोच के कोई कदम नहीं उठाता। उसके दिमाग में संसार का नक्शा खींचा हुआ है। वे अपने हिसाब से उसे आकार दे रहा है।
चीन जो वो कर रहा है वो उसका पैमाना है, उसी के तहत ग्वादर है, उसी में बेल्ट रोड आता है, इसलिए जब आप चीनियों के बारे में सोचें, तो आपको यह समझना होगा कि वह किस स्तर पर सोच रहे हैं। राहुल गांधी ने कहा कि गलवान घाटी हो, पैंगोंग झील हो या डेमचोक, चीन हर जगह अपनी स्थिति मजबूत कर रहा है। वह हमारे हाइवे से परेशान है, उसे चीन बर्बाद करना चाहता है।
1.47 लाख करोड़ रुपए 'लूटे', क्या जांच करवाएगी सरकार : इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने रविवार को आरोप लगाया कि 2,426 कंपनियों ने लोगों की बचत के 1.47 लाख करोड़ रुपए बैंकों से 'लूट' लिए। इसके साथ ही उन्होंने सवाल किया कि क्या सरकार दोषियों को सजा देने के लिए इसकी जांच कराएगी?
गांधी ने बिना विवरण दिए ट्विटर पर कहा कि 2,426 कंपनियों ने लोगों की बचत के 1.47 लाख करोड़ रुपए बैंकों से लूट लिए। क्या यह सरकार इस लूट की तहकीकात करके दोषियों को सजा देगी?' उन्होंने कहा कि 'या इन्हें भी नीरव और ललित मोदी जैसे फरार होने देगी?
गांधी का हमला उन मीडिया रिपोर्ट के बाद सामने आया है, जिसमें दावा किया गया है कि अखिल भारतीय बैंक कर्मचारी संघ (एआईबीईए) ने 2,426 ऐसे खातों की सूची जारी की है जो जान-बूझकर कर्ज नहीं चुकाने' वाली श्रेणी में हैं और इनमें बैंकों का 1,47,350 करोड़ रुपए बकाया है।

