युसूफ मिर्जा़, क्यों कर WDWD तुझको लिखूँ कि तेरा बाप मर गया और अगर लिखूँ तो फिर आगे क्या लिखूँ कि अब क्या करो। मगर सब्र वह एक शेवा-ए-फ़र्सूदा इब्नाए रोजगार का है। ताजियत यूँ ही किया करते हैं और यही कहा करते हैं कि सब्र करो। हाय, एक का...