देवदार के घने जंगलों में विराजते हैं ताड़केश्वर महादेव, सावन में जरूर करें दर्शन
उत्तराखंड की पहाड़ियों में कई ऐसे शिव धाम हैं, जहां आस्था के साथ प्रकृति की खूबसूरती भी मन मोह लेती है। पौड़ी गढ़वाल के लैंसडाउन क्षेत्र में देवदार और बलूत के घने जंगलों के बीच स्थित ताड़केश्वर महादेव मंदिर भी ऐसा ही एक पवित्र स्थल है। समुद्र तल से करीब 2092 मीटर की ऊंचाई पर स्थित यह मंदिर शांत वातावरण, प्राकृतिक झरनों और भगवान शिव से जुड़ी पौराणिक मान्यताओं के कारण श्रद्धालुओं के साथ-साथ पर्यटकों के बीच भी खास आकर्षण रखता है। खासकर सावन के महीने में यहां भक्तों की भीड़ उमड़ती है। ALSO READ: उत्तराखंड में 50 रोपवे परियोजनाओं को मिलेगी रफ्तार, सीएम धामी ने दिए प्राथमिकता के आधार पर प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश
सीएम धामी ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी पोस्ट में कहा, जनपद पौड़ी गढ़वाल में देवदार के घने जंगल के बीच स्थित श्री ताड़केश्वर महादेव मंदिर अपनी प्राकृतिक सुंदरता, शांत वातावरण और आध्यात्मिक आभा के लिए प्रसिद्ध है। भगवान शिव को समर्पित यह पावन धाम श्रद्धालुओं को आत्मिक शांति और दिव्य अनुभूति प्रदान करता है। श्रावण मास में यहां विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। पौड़ी गढ़वाल की यात्रा के दौरान श्री ताड़केश्वर महादेव के दर्शन अवश्य करें।
टिहरी गढ़वाल जिले के लैंसडाउन क्षेत्र में स्थित ताड़केश्वर महादेव मंदिर भगवान् शिवजी को समर्पित है। यह मंदिर समुद्री तल से 2092 मीटर ऊंचाई पर स्थित है। 5 किमी की चौड़ाई में फैला हुआ यह मंदिर बलूत और देवदार के पेड से घिरा हुआ है। यहां कई पानी के छोटे छोटे झरने बहते हैं। मान्यता है कि ताड़कासुर का अंत करने के बाद शिवजी यहां ठहरे थे। ALSO READ: बागेश्वर का बागनाथ मंदिर: उत्तर भारत का अनोखा दक्षिणमुखी शिव धाम, सावन में दर्शन का विशेष महत्वजनपद पौड़ी गढ़वाल में देवदार के घने जंगल के बीच स्थित श्री ताड़केश्वर महादेव मंदिर अपनी प्राकृतिक सुंदरता, शांत वातावरण और आध्यात्मिक आभा के लिए प्रसिद्ध है। भगवान शिव को समर्पित यह पावन धाम श्रद्धालुओं को आत्मिक शांति और दिव्य अनुभूति प्रदान करता है।
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) August 25, 2026
श्रावण मास में यहां विशेष… pic.twitter.com/TfPYbpWZY8
वर्षभर यहां दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा रहता है, जबकि सावन, महाशिवरात्रि और अन्य धार्मिक अवसरों पर हजारों श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ALSO READ: उत्तराखंड का छोटा अमरनाथ! प्राकृतिक बर्फ से बनता है यहां शिवलिंग, दर्शन के लिए उमड़ती है भारी भीड़
कैसे पहुंचें ताड़केश्वर मंदिर?
हवाई मार्ग- लैंसडाउन पहुंचने के लिए सबसे नजदीकी एयरपोर्ट देहरादून का जॉली ग्रांट एयरपोर्ट है। यहां से लैंसडाउन की दूरी करीब 177 किलोमीटर है। यहां से आपको टैक्सी या बसें मिल जाएंगी।
ट्रेन से- सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन कोटद्वार है। यहां से लैंसडाउन की दूरी करीब 70 किलोमीटर है। यहां से भी आपको बस और टैक्सी आराम से मिल जाएंगी।
सड़क मार्ग से- अगर आप कार से आ रहे हैं तो दिल्ली, देहरादून या हरिद्वार से सड़कें लैंसडाउन के लिए कनेक्टेड हैं।

