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गृहमंत्री शाह की पहल से उत्तराखंड को मिली बड़ी राहत, किशाऊ बांध परियोजना पर बनी सहमति
Kishau Dam project : यमुना नदी के जीर्णोंद्धार के लिए किशाऊ बांध परियोजना पर 6 राज्यों में सहमति बन गई है। इनमें हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और राजस्थान शामिल हैं। यह सहमति गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नई दिल्ली में आयोजित बैठक में बनी। गृहमंत्री शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में 8 साल पुराना वित्तीय विवाद सुलझा लिया गया। गृह मंत्रालय के अनुसार, यह फैसला यमुना को स्वच्छ करने में एक महत्वपूर्ण कदम है।
यमुना नदी के जीर्णोंद्धार के लिए किशाऊ बांध परियोजना पर 6 राज्यों में सहमति बन गई है। इनमें हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और राजस्थान शामिल हैं। यह सहमति गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नई दिल्ली में आयोजित बैठक में बनी। गृहमंत्री शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में 8 साल पुराना वित्तीय विवाद सुलझा लिया गया।
गृह मंत्रालय के अनुसार, यह फैसला यमुना को स्वच्छ करने में एक महत्वपूर्ण कदम है। केंद्र द्वारा ये तय हुआ कि जिन राज्यों को पानी मिलेगा, वे पावर कंपोनेंट की लागत उठाएंगे। केंद्र सरकार ने 15 हजार करोड़ रुपए की बांध परियोजना को आगे बढ़ाने पर सहमति दे दी है। यह बांध भाखड़ा बांध से भी ऊंचा होगा। इसकी ऊंचाई करीब 236 मीटर होगी। इससे 422 मेगावाट बिजली बनेगी और 97 हजार हेक्टेयर से अधिक जमीन की सिंचाई होगी।
The Modi government has been working towards the resolution of long-pending issues to accelerate development. In this direction, a landmark breakthrough was achieved today on issues related to the Kishau Multipurpose Dam.
— Amit Shah (@AmitShah) June 16, 2026
Today, the stakeholder states—Himachal Pradesh,… pic.twitter.com/ROeFLtrGuT
गृह मंत्रालय के अनुसार, यह फैसला यमुना को स्वच्छ करने में एक महत्वपूर्ण कदम है। केंद्र द्वारा ये तय हुआ कि जिन राज्यों को पानी मिलेगा, वे पावर कंपोनेंट की लागत उठाएंगे। केंद्र सरकार ने 15 हजार करोड़ रुपए की बांध परियोजना को आगे बढ़ाने पर सहमति दे दी है। यह बांध भाखड़ा बांध से भी ऊंचा होगा। इसकी ऊंचाई करीब 236 मीटर होगी। इससे 422 मेगावाट बिजली बनेगी और 97 हजार हेक्टेयर से अधिक जमीन की सिंचाई होगी।
गृह मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि सभी 6 राज्यों के बीच सहमति पत्र पर दस्तख़त के बाद किशाऊ परियोजना पर मंत्रिमंडल की मंज़ूरी ली जाएगी। सहमति के अनुसार, परियोजना की 90 प्रतिशत राशि केंद्र सरकार देगी। शेष 10 प्रतिशत राशि छह राज्य मिलकर वहन करेंगे।
इस बात पर भी सहमति बनी है कि हिमाचल प्रदेश को मिला पानी दिल्ली और राजस्थान के साथ साझा किया जाएगा। बैठक के दौरान विभिन्न पक्षों ने संवाद और सहयोग की भावना के साथ समाधान पर सहमति जताई। बैठक में बनी सहमति के बाद अब परियोजना के अगले चरणों को तेजी से आगे बढ़ाने की तैयारी की जाएगी।
इस बैठक में परियोजना से जुड़े राज्यों के प्रतिनिधियों, वरिष्ठ मंत्रियों तथा जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने भाग लिया। इस उपलब्धि का श्रेय केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व और समन्वय को दिया। यह परियोजना क्षेत्रीय विकास और जल प्रबंधन के लिए एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
Edited By : Chetan Gour
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