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Delhi court ने खारिज की उमर खालिद की अंतरिम जमानत याचिका, जानिए कोर्ट ने क्या कहा
दिल्ली की एक अदालत ने मंगलवार (19 मई 2026) को 2020 उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के आरोपी और जेल में बंद एक्टिविस्ट उमर खालिद (Umar Khalid) की जमानत याचिका खारिज कर दी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश समीर बाजपेयी उमर खालिद की उस याचिका पर सुनवाई कर रहे थे। इसमें उन्होंने अपने चाचा के निधन के बाद होने वाले 40वें दिन के धार्मिक कार्यक्रम (चेहल्लुम) में शामिल होने और अपनी मां की सर्जरी की देखभाल के लिए 15 दिन की अंतरिम जमानत मांगी थी।
उमर खालिद और अन्य आरोपियों पर गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) और भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच एजेंसियों ने उन्हें 2020 में हुए उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों का 'मुख्य साजिशकर्ता' बताया है।
गौरतलब है कि फरवरी 2020 में नागरिकता संशोधन कानून (CAA) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शनों के दौरान उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हिंसा भड़क उठी थी। इन दंगों में 53 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 700 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। एएसजे समीर बाजपेयी ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि उमर खालिद और अन्य आरोपियों को पहले कई मामलों में अंतरिम जमानत मिली है और उन्होंने नियमों का उल्लंघन भी नहीं किया है। लेकिन इसका यह मतलब बिलकुल नहीं है कि जब भी ये लोग जमानत मांगें हर मौके पर इन्हें बेल दी ही जाए। Edited by : Sudhir Sharma
