अयोध्या से साधु-संतों ने भरी हुंकार, श्रीकृष्ण जन्मभूमि के लिए मथुरा रवाना हुई 'रजत शिला'
Sri Krishna Janmabhoomi Movement: अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर निर्माण की ऐतिहासिक सफलता के बाद अब श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति और मंदिर निर्माण के आंदोलन ने जोर पकड़ लिया है। साधु-संतों और श्रद्धालुओं की मंडली ने अयोध्या से मथुरा तक धार्मिक चेतना जगाने का संकल्प लिया है।
रजत शिला का पवित्र पूजन : हिंदू पक्षकार दिनेश फलाहारी की अगुवाई में पहुंचे श्रद्धालुओं ने सबसे पहले पूर्णिमा पर मां सरयू में डुबकी लगाई और तट पर शिला का पूजन किया।
रामलला और हनुमान जी की आज्ञा : सरयू महाआरती के बाद शिला को हनुमानगढ़ी में बजरंगबली के समक्ष अर्पित कर आशीर्वाद लिया गया और फिर श्रीराम जन्मभूमि की चौखट तक ले जाकर दर्शन कराए गए।
महंत नृत्यगोपाल दास का आशीर्वाद : श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट व श्रीकृष्ण जन्मभूमि ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास ने मणिरामदास छावनी में रजत शिला का स्पर्श और पूजन कर सफलता का आशीर्वाद दिया। इस दौरान उत्तराधिकारी महंत कमल नयन दास और जानकी दास समेत संतों ने पुष्प वर्षा की।
एक लाख गांवों में जाएगा अभियान : ब्रज धर्माचार्य परिषद के महामंत्री पं. राजेश पाठक के नेतृत्व में यह रजत शिला देश के प्रमुख मंदिरों और 1 लाख से अधिक गांवों में पूजन हेतु ले जाई जाएगी।
1 सितंबर को वृंदावन में अनुष्ठान : अयोध्या से रवाना हुई यह शिला 1 सितंबर को ब्रजभूमि पहुंचेगी, जहां वृंदावन में विशेष वैदिक पूजन के साथ आगे के अभियान की शुरुआत होगी।












