सम्बंधित जानकारी
- basoda 2022 : बसौड़ा पर्व, शीतला सप्तमी-अष्टमी का महत्व, पूजन विधि, मुहूर्त, मंत्र, आरती एवं कथा
- Sheetla Mata Festival : श्री शीतला माता की आरती, चालीसा और शीतलाष्टक, यहां पढ़ें...
- शीतला पर्व के सारे आलेख, यहां पढ़ें एक ही स्थान पर
- शीतला सप्तमी और अष्टमी पर क्या करें, क्या न करें
- क्या करते हैं शीतला अष्टमी के दिन
मां शीतला को चढ़ती हैं दही, चावल सहित ये 10 ठंडी सामग्रियां
रंगपंचमी के बाद आने वाले खास पर्व शीतला सप्तमी माता को भोग लगाने के लिए एक दिन पहले ही घरों में खाना बनाकर रख दिया जाता है तथा अगले दिन यानी सप्तमी-अष्टमी वाले दिन शीतला माता का पूजन करके उन्हें दही, चावल और अन्य कई चीजों से नैवेद्य का भोग लगाया जाएगा। तत्पश्चात घर के सभी लोग भी ठंडा यानी बसौड़ा भोजन ग्रहण करते हैं।
जो लोग शीतला सप्तमी या अष्टमी के दिन ठंडा भोजन खाते हैं, उन्हें ठंड के प्रकोप से होने वाली बीमारियां नहीं होती हैं। मान्यतानुसार कई लोगों को ठंड के कारण पीत-ज्वर, फोड़े-फुंसी, आंखों से संबंधित परेशानियां आदि होने की संभावनाएं बनी रहती हैं अत: ऐसे लोगों को शीतला सप्तमी या अष्टमी के दिन ठंडा भोजन करना चाहिए। शीतला सप्तमी और अष्टमी (Sheetla Mata Bhog) पर ठंडा खाना खाने से कई प्रकार के स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होते हैं। इस दिन माता को निम्न चीजों का भोग लगाया जाता है।
माता का भोग-Sheetla Mata Bhog 2020
1. मीठा भात (ओलिया)
2. लपसी या लापसी
3. पूरी,
4. दाल-भात
5. चूरमा,
6. पुए,
7. पकौड़ी,
8. राबड़ी,
9. बाजरे की रोटी
10. भीगी चना दाल।
Sheetla Mata Bhog
