कब मनाया जाएगा विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस? जानें कब हुई इसकी शुरुआत और क्या है उद्देश्य?
World Mental Health Day 2026: मनुष्य की शारीरिक सेहत की भांति ही उसका मानसिक स्वास्थ्य (Mental Health) भी संपूर्ण जीवन का एक महत्वपूर्ण आधार है। इसी विचार को ध्येय बनाकर प्रति वर्ष 10 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। इस विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के नेतृत्व में मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं के प्रति वैश्विक जागरूकता बढ़ाने और मानसिक देखभाल को बढ़ावा देने का प्रयास किया जाता है। कब हुई विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस की शुरुआत और क्या है इस दिवस को मनाने का उद्देश्य? आइए जानते हैं विस्तार से...
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस का इतिहास
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाने की शुरुआत वर्ष 1992 में हुई थी। दरअसल उस समय के संयुक्त राष्ट्र के तत्कालीन महासचिव यूजीन ब्रॉडी ने दुनियाभर में इस दिवस को मनाए जाने की सलाह दी थी और स्वास्थ्य संघ की पहल पर ही पहली बार इस दिवस को मनाया गया था। तब से ही यह दिवस अब दुनियाभर में मनाया जाने लगा।
इस अंतरराष्ट्रीय अभियान का नेतृत्व विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और 'वर्ल्ड फेडरेशन फॉर मेंटल हेल्थ' (WFMH) द्वारा संयुक्त रूप से किया जाता है। यह केवल एक औपचारिक दिन नहीं, बल्कि 100 से अधिक देशों में चलाया जाने वाला एक व्यापक जनजागरूकता अभियान है।
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाने का उद्देश्य
वर्तमान समय में भागदौड़ वाली जिंदगी में तनावरहित जीना बहुत ही मुश्किल हो गया है। हर साल विश्वभर में 10 अक्टूबर को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस या मानसिक दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य मेंटल हेल्थ या मानसिक स्वास्थ्य को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ाना है।
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाने का उद्देश्य जनसामान्य को यह समझाना कि मन की बीमारियां और तनाव भी शरीर की अन्य बीमारियों की तरह स्वाभाविक हैं। साथ ही इस दिवस के जरिए समाज के हर वर्ग तक मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं और परामर्श की पहुंच सुनिश्चित करना है।
पीड़ित व्यक्तियों को सही समय पर अपनों का संबल और चिकित्सीय सहायता प्राप्त करने के लिए प्रेरित करना। मानसिक रोग से पीड़ित लोगों को प्रायः समाज की उपेक्षा या पूर्वाग्रहों का सामना करना पड़ता है। यह दिवस इस झिझक और रुढ़िवादिता को तोड़कर खुलकर बात करने का मंच प्रदान करता है।
समय पर लक्षणों की पहचान कर डिप्रेशन, एंग्जायटी (चिंता) और अत्यधिक तनाव जैसी समस्याओं को गंभीर रूप लेने से रोका जा सकता है। विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस हमें यह स्मरण कराता है कि यदि हम स्वयं या हमारे आसपास कोई व्यक्ति मानसिक दबाव से गुजर रहा है, तो सहायता मांगना कमजोरी नहीं बल्कि बुद्धिमत्ता और साहस का लक्षण है।
मानसिक बीमारियों से बचाव के लिए क्या करें?
व्यस्तता भरे दिनचर्या से खुद के लिए समय निकालें।
पोषक तत्व वाले भोजन को जीवन का हिस्सा बनाएं।
प्रोफेशनल डॉक्टर का सहारा लें।
नकारात्मक लोगों से दूरी रखें।
तनाव को नियंत्रित करें।
मेडिटेशन को अपनाएं।
योग का सहारा लें।
हमेशा खुश रहें।
अकेले न रहें।

