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अमरनाथ यात्रा को क्षति पहुंचाने की साजिश, सुरक्षाबलों ने किया आतंकी षड्यंत्र का भंडाफोड़, लापता 3 युवकों समेत 5 गिरफ्तार
सुरक्षाबलों ने अमरनाथ यात्रा को क्षति पहुंचाने के एक आतंकी षड्यंत्र का भंडाफोड़ करने का दावा किया है। यह खतरा कितना बड़ा था अंदाजा इसी से लगाया जा सकता था कि पकड़े गए 3 ओजीडब्ल्यू से प्लास्टिक विस्फोटक पीईके बरामद किया गया है जो किसी भी स्कैनर की पकड़ में नहीं आता है। इस बीच किश्तवाड़ में भी 2 आतंकी मददगार पकड़े गए हैं।
अधिकारियों ने बताया कि शोपियां जिले में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। जम्मू कश्मीर पुलिस ने शुक्रवार को पुडसू इलाके में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान तीन ओवर ग्राउंड वर्कर्स (ओजीडब्ल्यू) को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, खुफिया सूचना के आधार पर शोपियां पुलिस ने पुडसू क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया था। इस दौरान तीन संदिग्ध ओजीडब्ल्यू को पकड़ा गया। तलाशी में उनके कब्जे से दो हैंड ग्रेनेड, करीब 2.5 किलोग्राम प्लास्टिक विस्फोटक सामग्री पीईके, चार मोबाइल फोन और प्रतिबंधित आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े चार पोस्टर बरामद किए गए हैं।
सूत्रों ने बताया कि गिरफ्तार किए गए तीनों युवक 31 मई 2026 से अपने घरों से लापता थे। आशंका जताई जा रही है कि ये तीनों आतंकी संगठन में शामिल हो गए थे। फिलहाल पुलिस ने गिरफ्तार ओजीडब्ल्यू की पहचान और मामले के अन्य विवरण को लेकर आधिकारिक तौर पर कोई जानकारी साझा नहीं की है।
मामले की जांच जारी है। जबकि सूत्रों का दावा था कि प्रारंभिक पूछताछ में यह सामने आया है कि तीनों इस विस्फोटक सामग्री का इस्तेमाल अमरनाथ यात्रा को क्षति पहुंचाने के लिए करना चाहते थे। फिलहाल इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
इस बीच पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि किश्तवाड़ जिले में आतंकवादियों को मदद पहुंचाने के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें वन विभाग का एक कर्मचारी भी शामिल है। एक अधिकारी ने बताया कि ये गिरफ्तारियां किश्तवाड़ पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता गैर-कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम और शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज एक मामले की जांच के दौरान की गईं।
आरोपियों की पहचान वन विभाग के सरकारी कर्मचारी तारिक अहमद गिनू और मोहम्मद इकबाल के तौर पर हुई है, ये दोनों किश्तवाड़ जिले के डच्चन इलाके के टंडर के रहने वाले हैं। पुलिस ने बताया कि ये दोनों स्थानीय आतंकवादियों की मदद करने और उन्हें सहयोग देने में शामिल थे। इससे पहले, इसी मामले के सिलसिले में छात्रू इलाके के दो अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया गया था।
किश्तवाड़ के सीनियर सुपरिटेंडेंट आफ पुलिस नरेश सिंह ने कहा कि ये गिरफ्तारियां विस्तृत जांच के बाद की गईं और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने और उन्हें पकड़ने की कोशिशें जारी हैं।
Edited By : Chetan Gour
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