रोहित के संन्यास की खबरों को देख अश्विन को याद आई अपनी बेईज्जती (Video)
रोहित शर्मा के संन्यास की खबरों और अटकलों को सुनकर पूर्व भारतीय क्रिकेटर रविचंद्रन अश्विन को अपनी बेईज्जती याद आ गई जब चयनकर्ताओं ने बोर्डर गावस्कर ट्रॉफी के दौरान उनको यह इशारा कर दिया था कि वह अब उनसे आगे बढ़ना चाहते हैं।
रविचंद्रन अश्विन ने चयनकर्ताओँ और टीम प्रबंधन पर निशाना साधते हुए कहा"अगर चयनकर्ताओँ रोहित शर्मा से आगे बढ़ना चाहते थे, तो उन्हें 2025 चैंपियंस ट्रॉफी के बाद उनसे यही कहना चाहिए था। अब 2026 में ऐसा करना बहुत गलत है, जबकि विश्व कप बहुत करीब है, जहाँ रोहित शर्मा ने अच्छा प्रदर्शन किया है।
अगर इन 2 खिलाड़ियों में से किसी को भी ऐसा नहीं लगता कि उन्हें चुना जा रहा है, तो वे अपना उतकृष्ट प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे और उन्हें वहाँ होने पर बहुत बुरा लगेगा।"वह इस खेल के लेजेंड हैं और संवाद बेहतर हो सकता था। मेरे साथ भी जब संवाद हुआ था तो बहुत बुरा लगा था। लेकिन ठीक है यह जीवन है।"
भारत के लिए 537 टेस्ट विकेट लेने वाले अनुभवी ऑफ स्पिनर अश्विन पर वाशिंगटन सुंदर को पर्थ में पहले टेस्ट के लिए चुना गया था जबकि एडीलेड में गुलाबी गेंद के टेस्ट में उन्हें खेलने का मौका मिला।हालांकि अश्विन को गाबा में तीसरे टेस्ट के लिए फिर से एकादश से बाहर किया गया और इस बार रविंद्र जडेजा को खेलने का मौका मिला।
अगर इन 2 खिलाड़ियों में से किसी को भी ऐसा नहीं लगता कि उन्हें चुना जा रहा है, तो वे अपना उतकृष्ट प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे और उन्हें वहाँ होने पर बहुत बुरा लगेगा।"वह इस खेल के लेजेंड हैं और संवाद बेहतर हो सकता था। मेरे साथ भी जब संवाद हुआ था तो बहुत बुरा लगा था। लेकिन ठीक है यह जीवन है।"
क्या हुआ था अश्विन के साथRavi Ashwin is dissapointed with selectors & team management
— Rajiv (@Rajiv1841) July 17, 2026
"If selectors wanted to move on from Rohit Sharma then they should have told him the same after 2025 Champions Trophy. Doing this now in 2026 is very wrong with World Cup very close where Rohit Sharma has done decent.… pic.twitter.com/klzDfw0zRB
भारत के लिए 537 टेस्ट विकेट लेने वाले अनुभवी ऑफ स्पिनर अश्विन पर वाशिंगटन सुंदर को पर्थ में पहले टेस्ट के लिए चुना गया था जबकि एडीलेड में गुलाबी गेंद के टेस्ट में उन्हें खेलने का मौका मिला।हालांकि अश्विन को गाबा में तीसरे टेस्ट के लिए फिर से एकादश से बाहर किया गया और इस बार रविंद्र जडेजा को खेलने का मौका मिला।
रविचंद्रन ने कहा कि परिवार कुछ समय से अश्विन के संन्यास की उम्मीद कर रहा था क्योंकि उनका अपमान हो रहा था, हालांकि उन्होंने इसकी सटीक प्रकृति का खुलासा नहीं किया।

