'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप' से बाहर निकलेंगे अमेरिका और चीन? ट्रंप और जिनपिंग की मुलाकात ने दुनिया को दिया बड़ा संदेश
Trump Meets Jinping : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ द्विपक्षीय बैठक की। दोनों नेताओं ने इस दौरान मजबूत रिश्तों पर जोर देते हुए कहा कि हम मित्र हैं प्रतिद्वंद्वी नहीं। इस दौरान दोनों ने एक दूसरे की जमकर तारीफ की। इस अवसर जिनपिंग ने कहा कि क्या चीन और अमेरिका 'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप' से पार पाकर, बड़े देशों के आपसी संबंधों का एक नया मॉडल तैयार कर सकते हैं?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जिनपिंग से कहा कि आप और मैं एक-दूसरे को अब काफी लंबे समय से जानते हैं। असल में, हमारे दोनों देशों के बीच किसी भी राष्ट्रपति और राष्ट्रपति के बीच यह अब तक का सबसे लंबा रिश्ता है। मेरे लिए, यह एक सम्मान की बात है। हमारा रिश्ता बहुत ही शानदार रहा है। हमारी आपस में खूब बनी है। उन्होंने कहा कि जब भी कोई मुश्किलें आईं, तो हमने मिलकर उन्हें सुलझाया। मैं आपको फोन करता था और आप मुझे फोन करते थे। जब भी हमें कोई समस्या हुई, हमने उसे बहुत जल्दी सुलझा लिया, हमारा भविष्य भी एक साथ बहुत ही शानदार होने वाला है।
चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने कहा कि 9 साल बाद चीन में आपका फिर से स्वागत है। पूरी दुनिया हमारी इस बैठक पर नजर रखे हुए है। इस समय, पूरी दुनिया में एक ऐसा बदलाव तेज़ी से आ रहा है जो पिछली एक सदी में नहीं देखा गया था और अंतरराष्ट्रीय हालात अस्थिर और उथल-पुथल भरे हैं। दुनिया एक नए मोड़ पर आ खड़ी हुई है। क्या चीन और अमेरिका 'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप' से पार पाकर, बड़े देशों के आपसी संबंधों का एक नया मॉडल तैयार कर सकते हैं?
क्या होता है 'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप'
'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप' अंतरराष्ट्रीय राजनीति का एक बेहद चर्चित और डराने वाला सिद्धांत है। सरल शब्दों में, यह वह स्थिति है जब एक उभरती हुई शक्ति किसी स्थापित महाशक्ति के प्रभुत्व को चुनौती देने लगती है, जिससे दोनों के बीच युद्ध की संभावना बहुत बढ़ जाती है।
यह नाम प्राचीन यूनानी इतिहासकार थ्यूसीडाइड्स के नाम पर रखा गया है। पुरानी शक्ति को लगता है कि नई शक्ति उसे नुकसान पहुंचाएगी, जबकि नई शक्ति को लगता है कि पुरानी शक्ति उसका रास्ता रोक रही है। जब कोई नया देश तेजी से ताकतवर बनता है, तो पुरानी महाशक्ति को अपना वर्चस्व छिनने का डर सताने लगता है। इस तनाव में एक छोटी सी घटना या गलतफहमी भी बड़े युद्ध की शुरुआत कर सकती है।
ट्रंप-जिनपिंग ने गर्मजोशी से मिलाया हाथ
इस मौके पर राष्ट्रपति ट्रंप ने शी जिनपिंग के मंत्रिमंडल के सदस्यों से मुलाकात करने से पहले दोनों नेताओं ने गर्मजोशी से हाथ मिलाया। इसके बाद ट्रंप ने शी जिनपिंग को अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ से भी मिलवाया।
ट्रंप को गार्ड ऑफ ऑनर
द्विपक्षीय मुलाकात से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बीजिंग में जोरदार स्वागत किया गया। उन्हें चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) के ऑनर गार्ड बटालियन की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। इस दौरान चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग भी मौजूद थे।
edited by : Nrapendra Gupta
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