जापान में ‘कोरोना’ से कम, ‘आत्‍महत्‍या’ से ज्‍यादा मौतें, कारण है अकेलापन... सरकार ने नियुक्‍त किया ‘मिनिस्‍टर ऑफ लोनलीनेस’

minister of loneliness
नवीन रांगियाल| Last Updated: मंगलवार, 23 फ़रवरी 2021 (19:30 IST)
दुनियाभर में अकेलापन, अवसाद और इनकी वजह से आत्‍महत्‍याएं कितनी बढ़ रही हैं, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इससे निपटने के लिए हाल ही में जापान की सरकार ने एक ‘मिनिस्‍टर ऑफ लोनलीलेस’ नियुक्‍त किया है।

इस मिनिस्‍टर का काम होगा अकेलेपन से जूझ रहे लोगों के लिए काम करना और उन्‍हें अवसाद और आत्‍महत्‍याओं से बचाना।

जापान के प्रधानमंत्री योशि‍हिदे सुगा ने तेशुही साकामोतो को मंत्री बनाकर इस काम की जिम्‍मेदारी दी है।

रिपोर्ट के मुताबि‍क जापान में पुरुषों की तुलना में महिलाएं ज्‍यादा अकेलेपन का शि‍कार हो रही हैं। इसके साथ ही यहां सुसाइड का ग्राफ लगातार बढ़ रहा है।
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जापान टाइम्‍स के मुताबि‍क प्रधानमंत्री ने हाल ही में एक घोषणा करते हुए इसके लिए मिनि‍स्‍टर ऑफ लोनलीनेस नियुक्‍त कर यह उम्‍मीद जताई कि वे इसके लिए कारगर योजनाएं लेकर आएंगे।

जापान हमेशा से ही अकेलेपन की समस्‍या झेलता आ रहा है, लेकिन 2020 में कोविड-19 के दौरान यह समस्‍या विकराल रूप लेकर सामने आई। इसी दौरान आत्‍महत्‍या के भी कई मामले दर्ज किए गए।

रिपोर्ट के मुताबि‍क जापान में पिछले 11 सालों में आत्‍महत्‍या के सबसे ज्‍यादा रिकॉर्ड मामले सामने आए। पिछले अक्‍टूबर में यहां कोरोना से मरने वालों की संख्‍या कम जबकि आत्‍महत्‍या से मरने वालों की संख्‍या ज्‍यादा थी। अक्‍टूबर में 2 हजार 153 लोगों ने आत्‍महत्‍या की थी, जबकि कोरोना से 1 हजार 765 लोग मरे थे।

जापान में महिलाओं की स्‍थि‍ति ज्‍यादा खराब है, कई महिलाएं अपनी जिम्‍मेदारी के चलते शादी नहीं करती है और आखिर में वे अ‍केली रहकर अवसाद का शि‍कार हो जाती हैं।

जापान ऐसा करने वाला पहला देश नहीं है, इसके पहले यूके ने भी इस समस्‍या से निजात पाने के लिए मिनिस्‍टर ऑफ लोनलीनेस नियुक्‍त किया था।



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