दशहरा के दिन यदि आप इन 3 में से कोई एक चीज देख लेंगे तो होगा जीवन में शुभ ही शुभ
दशहरा यानी विजयादशमी का पावन पर्व 20 अक्टूबर 2026 को पूरे देश में अपार उत्साह के साथ मनाया जाएगा। यह एक ऐसा पावन दिन है, जब सूर्योदय से लेकर सूर्यास्त तक हर पल अबूझ मुहूर्त रहता है। यानी बिना किसी पंचांग या घड़ी को देखे, आप वाहन खरीदने से लेकर कोई भी शुभ काम बेझिझक शुरू कर सकते हैं। यदि इस पावन अवसर पर आपके साथ ये तीन विशेष घटनाएँ घटती हैं, तो समझ लीजिए कि आपके जीवन में सौभाग्य का आगमन होने वाला है-
नीलकंठ पक्षी के दर्शन:
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, लंकापति रावण का वध करने से पहले प्रभु श्री राम को नीलकंठ के दर्शन हुए थे। नीलकंठ पक्षी को साक्षात भगवान शिव का स्वरूप माना जाता है। दशहरे के दिन इसके दर्शन होना जीवन में अपार सुख, समृद्धि और सौभाग्य की वृद्धि का सीधा संकेत है।
जल में तैरती मछली देखना:
विजयादशमी के दिन सफर के दौरान किसी नदी, तालाब या जलस्रोत में तैरती हुई मछली का दिखना एक अद्भुत शगुन है। माना जाता है कि यह आपके बनते कामों में आ रही सभी रुकावटों को चुटकी में दूर कर देता है और पूरे वर्ष घर-परिवार में खुशियों और उत्सव का माहौल बनाए रखता है।
सिर पर जयंती का आशीर्वाद मिलना:
नवरात्रि की घटस्थापना पर बोए गए जौ जब हरे-भरे होकर लहलहाते हैं, तो उन्हें 'जयंती' कहा जाता है। यह माँ दुर्गा की योगिनी 'जया' का प्रतीक है, जो हर कदम पर विजय दिलाती हैं। दशहरे के दिन जब कोई बुजुर्ग या पूजनीय व्यक्ति आशीर्वाद स्वरूप यह जयंती आपके सिर पर रखता है, तो इससे आरोग्य, सफलता और अटूट समृद्धि का वरदान प्राप्त होता है।

