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प्रकाश राज पर लटकी गिरफ्तारी की तलवार, बेंगलुरु कोर्ट ने जारी किया तीसरा गैर-जमानती वारंट, जानें क्या है मामला?
साउथ और हिंदी सिनेमा के जाने-माने अभिनेता प्रकाश राज कानूनी मुसीबत में घिर गए हैं। बेंगलुरु की एक स्थानीय अदालत ने एक ही समय में कई राज्यों की मतदाता सूचियों में नाम रखने के गंभीर आरोपों के सिलसिले में उनके खिलाफ फिर से गैर-जमानती वारंट जारी किया है।
प्रकाश राज के खिलाफ जारी होने वाला यह लगातार तीसरा गैर-जमानती वारंट है, जिसके बाद अब उनकी गिरफ्तारी की संभावनाएं काफी बढ़ गई हैं।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा विवाद साल 2019 के लोकसभा चुनाव के समय से शुरू हुआ था, जब प्रकाश राज ने बेंगलुरु केंद्रीय सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा था। बेंगलुरु के एक वकील के. दिलीप कुमार ने 2023 में अदालत में एक याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि अभिनेता का नाम देश के कानून का उल्लंघन करते हुए तीन अलग-अलग राज्यों की चार विधानसभा सीटों की मतदाता सूची में शामिल है।
याचिका के अनुसार, प्रकाश राज का नाम निम्नलिखित जगहों की वोटर लिस्ट में दर्ज पाया गया- शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र (बेंगलुरु, कर्नाटक), वेलाचेरी विधानसभा क्षेत्र (चेन्नई, तमिलनाडु) और सेरिलिंगमपल्ली विधानसभा क्षेत्र (रंगा रेड्डी जिला, तेलंगाना)।
भारतीय चुनाव आयोग के सख्त दिशानिर्देशों और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 (Representation of the People Act) की धारा 31 और 125(A) के अनुसार, भारत का कोई भी नागरिक देश में केवल एक ही स्थान पर अपना मतदाता पंजीकरण रख सकता है। एक से अधिक स्थानों पर जानबूझकर नाम दर्ज रखना एक दंडनीय कानूनी अपराध माना जाता है।
कोर्ट में गैर-हाजिरी और कानूनी शिकंजा
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ने समय-समय पर अभिनेता को समन जारी किए। 17 फरवरी 2026 को बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर के माध्यम से अभिनेता को समन तामील कराने की कोशिश की गई, लेकिन वह याचिका में दिए गए पते पर उपलब्ध नहीं मिले। इसके बाद पुलिस ने रिपोर्ट दी कि अभिनेता ने उक्त घर खाली कर दिया है।
अदालत में लगातार अनुपस्थित रहने के कारण कानूनी प्रक्रिया तेज हो गई। कोर्ट में हाजिर न होने पर 17 मार्च 2026 को अदालत ने प्रकाश राज के खिलाफ पहला गैर-जमानती वारंट जारी किया। इसके बाद भी जब अभिनेता 17 अप्रैल 2026 को तय सुनवाई में पेश नहीं हुए, तो अदालत ने दोबारा वारंट जारी किया।
हाल ही में 12 जून 2026 को प्रकाश राज के खिलाफ यह तीसरा NBW जारी किया गया। हालांकि, इस बीच पीठासीन अधिकारी के ट्रेनिंग पर होने के कारण मामले को आगे बढ़ा दिया गया है। अदालत ने इस मामले की अगली अहम सुनवाई 25 जुलाई 2026 को तय की है।
तमाम विवादों के बीच प्रकाश राज फिल्मी दुनिया में भी काफी सक्रिय हैं। हाल ही में तमिल फिल्म 'कालिदास 2' और तेलुगु में 'सीता पायनम', 'एस सरस्वती' जैसी फिल्मों में नजर आने के बाद, उनके पास कई बड़े प्रोजेक्ट्स कतार में हैं। वह जल्द ही बहुप्रतीक्षित फिल्म 'दृश्यम 3', तेलुगु में 'वाराणसी' व 'स्पिरिट', और तमिल फिल्म 'जना नायगन' में महत्वपूर्ण भूमिकाओं में दिखाई देंगे।
