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Last Modified: नोएडा (उप्र) , गुरुवार, 29 फ़रवरी 2024 (00:49 IST)

सड़क पर कराया महिला का प्रसव, 2 नर्सों ने की मदद, पति कर रहा था मदद की गुहार

सड़क पर कराया महिला का प्रसव, 2 नर्सों ने की मदद, पति कर रहा था मदद की गुहार - Two nurses delivered a woman on the road in Greater Noida
Woman delivered on the road : ग्रेटर नोएडा में भीड़भाड़ वाले परी चौक से गुजर रही 2 प्रशिक्षित नर्स ने बीच रास्ते में रुककर 33 वर्षीय महिला का आपात स्थिति में प्रसव कराया।
 
यह घटना मंगलवार को ग्रेटर नोएडा में परी चौक पर हुई जब एक निजी कंपनी में काम करने वाला प्रशांत शर्मा प्रसव पीड़ा से गुजर रही अपनी पत्नी रोशनी शर्मा की मदद के लिए गुहार लगा रहा था। मदद के लिए उसकी गुहार सुनकर नजदीकी शारदा हॉस्पिटल में काम करने वाली नर्स ज्योति और रेनू देवी ने परी चौक पर ही सड़क किनारे महिला का प्रसव कराया। महिला ने एक बच्ची को जन्म दिया है।
 
पति मांग रहा था लोगों से मदद : नर्स देवी ने बताया कि वह कासना से ड्यूटी पर जा रही थी। जब वह परी चौक पर ऑटो से उतरी तो उसने एक महिला को सड़क पर पड़े हुए देखा और उसका पति लोगों से मदद मांग रहा था। रेनू ने कहा, जब मैं वहां पहुंची तो महिला प्रसव पीड़ा से गुजर रही थी।
रेनू ने कहा, मैंने अपने साथ काम करने वाली नर्स ज्योति को फोन किया जो ड्यूटी के लिए जा रही थी और वह जल्द ही वहां पहुंच गई। हमने लोगों को बताया कि हम शारदा हॉस्पिटल की नर्स हैं। पहले, हमने महिला को एक अन्य महिला की मदद से शॉल से ढका और उसके बाद हम दोनों ने महिला का प्रसव कराया।
 
उन्होंने कहा, प्रसव के बाद हमने बच्चे को उसके पिता की जैकेट में ढंका और एक ऑटो से अस्पताल जाने लगे। ऑटो में महिला को दर्द होने लगा लेकिन हमने उसे जगाए रखा और उसे अस्पताल में भर्ती करा दिया। शारदा हॉस्पिटल के प्रसूतिशास्त्र विभाग में वरिष्ठ परामर्शक डॉ. रुचि श्रीवास्तव ने कहा कि दोनों नर्स ने प्रसव के बाद अस्पताल को सूचित किया।
 
दोनों नर्स को एक प्रमाण पत्र और 5100 रुपए का इनाम : उन्होंने बताया, जैसे ही वे महिला और बच्चे को लेकर आए, हमने तुरंत उपचार शुरू कर दिया। बच्चे का वजन करीब 2.50 किलोग्राम है। यह महिला का दूसरा बच्चा है और अब दोनों स्वस्थ हैं। डॉ. श्रीवास्तव ने कहा, महिला का कासना के एक अस्पताल में इलाज चल रहा था लेकिन उसे बताया गया कि उसका बच्चा सीजेरियन होगा। वहां से वह लुक्सर में अपने घर गई।
डॉ. श्रीवास्तव ने कहा, सुबह उसे प्रसव पीड़ा होने लगी और जैसे ही वह परी चौक पहुंची तो वह सड़क पर गिर गई। हम शुक्रगुजार हैं कि उन्हें वक्त पर अस्पताल लाया गया। शारदा हॉस्पिटल के प्रवक्ता अजीत कुमार ने बताया कि शारदा विश्वविद्यालय के कुलपति पीके गुप्ता ने दोनों नर्स को एक प्रमाण पत्र और 5100 रुपए का इनाम दिया है। (भाषा) (सांकेतिक फोटो)
Edited By : Chetan Gour