1. समाचार
  2. मुख्य ख़बरें
  3. प्रादेशिक
  4. Harak Singh Rawat Uttarakhand BJP damage control
Written By एन. पांडेय
Last Updated: शनिवार, 25 दिसंबर 2021 (10:14 IST)

उत्तराखंड में भाजपा का डैमेज कंट्रोल, किया मंत्री हरक सिंह रावत को मनाने का दावा

देहरादून। उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत मुख्यमंत्री के मान मनोव्वल के बाद आखिर मान गये हैं ऐसा दावा उत्तराखंड भाजपा कर रही है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक के अनुसार हरक सिंह रावत नाराज नहीं हैं और इस्तीफे का सवाल ही नहीं बनता। उनके साथी विधायक उमेश शर्मा काऊ भी इस बात का ही दावा कर रहे हैं।
 
उन्होंने कहा कि कोटद्वार में मेडिकल कॉलेज के लिए जल्द शासनादेश जारी करने का आश्वासन मिलने के बाद वे अब इस्तीफा नहीं दे रहे। कोटद्वार हरक सिंह का विधानसभा क्षेत्र है वहां वे सार्वजनकि रूप से यह स्वीकार चुके हैं कि वे जनता के काम जिस रूप में चाहते थे नहीं करा सके।
 
विधायक काऊ के अनुसार, पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर उन्होंने बीती रात मंत्री रावत से बातचीत कर उनको राजी करवा लिया। इस दौरान डॉ रावत की पार्टी के केंद्रीय नेताओं और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से भी फोन पर बात कराई गई। मुख्यमंत्री ने कोटद्वार मेडिकल कालेज के जल्द शासनादेश जारी करने का आश्वासन दिया।
 
असल में शुक्रवार को मंत्री हरक ने इस्तीफे की धमकी देकर कैबिनेट बैठक छोड़ दी थी। वे कोटद्वार मेडिकल कालेज से संबंधित प्रस्ताव कैबिनेट में नहीं लागने से नाराज बताए जा रहे थे। कैबिनेट मंत्री डा हरक सिंह रावत की मंत्री पद से इस्तीफे की धमकी ने भाजपा में हलचल बढ़ा दी।
 
उधर, रायपुर क्षेत्र से भाजपा विधायक उमेश शर्मा काऊ के भी भाजपा छोड़ने की चर्चा रही, लेकिन देर रात उन्होंने इससे इन्कार किया। विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत के इस्तीफे की खबर ने उत्तराखंड की सियासत में खलबली मचा दी थी।
 
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार हरक सिंह ने अपनी सरकार से नाराजगी जाहिर करते हुए इस्तीफा देने की घोषणा कैबिनेट में कर चुके थे। कैबिनेट मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत के मंत्रिमंडल से इस्तीफा के ऐलान से प्रदेश की राजनीति गरमा गई। सरकारी प्रवक्ता व कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि हरक ने कोटद्वार में मेडिकल कॉलेज के लिए बजट जारी नहीं होने पर नाराजगी जताई थी।
 
शुक्रवार देर शाम सचिवालय में मुख्यमंत्री पुष्कर धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक चल रही थी। अचानक कैबिनेट मंत्री हरक रावत ने कोटद्वार मेडिकल कॉलेज का मसला उठा दिया। हालांकि जब हरक सिंह रावत कैबिनेट से निकल गए तो उसके बाद कोटद्वार मेडिकल कॉलेज के लिए सरकार ने 5 करोड रुपए का बजट जारी करने की घोषणा कर दी। हरक भरी कैबिनेट में मेडिकल कॉलेज के लिए बजट जारी न करने पर इस्तीफा का ऐलान करते हुए बाहर निकल गए।
 
कैबिनेट मंत्री अरविंद पांडे ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन हरक सीधे निकल गए। रात लगभग सवा दस बजे यह घटनाक्रम हुआ। इसके बाद कैबिनेट बैठक आधे में ही स्थगित हो गई। सीएम पुष्कर धामी जब सचिवालय से अपने आवास के लिए निकल रहे थे तब पत्रकारों ने उनसे हरक के इस्तीफे को लेकर सवाल किया तो वे कुछ बोले बगैर ही अपनी गाड़ी में बैठ गए।
 
पत्रकारों से बातचीत में सरकारी प्रवक्ता व कैबिनेट मंत्री उनियाल से पूछे जाने पर बताया कि उन्हें हरक के इस्तीफे की जानकारी नहीं। हरक ने कैबिनेट बैठक में जरूर इस्तीफे का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि कोटद्वार मेडिकल कॉलेज के लिए पांच करोड़ भी कैबिनेट ने जारी कर दिए हैं।
ये भी पढ़ें
कोरोना के खौफ के चलते मसूरी में 27 दिसंबर से आयोजित 3 दिवसीय विंटर लाइन कार्निवाल स्थगित