Hanuman Chalisa

मासूम बच्ची के बलात्कारी हत्यारे की फांसी की सजा बरकरार

गुरुवार, 15 नवंबर 2018 (22:53 IST)
इंदौर। मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने धार जिले में 4 वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या के मुजरिम को सुनाई गई फांसी की सजा को बरकरार रखा है। न्यायमूर्ति पीके जायसवाल और न्यायमूर्ति एसके अवस्थी की पीठ ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद 30 जुलाई को अपना फैसला सुरक्षित रखा लिया था। यह फैसला बृहस्पतिवार को सुनाया गया।
 
 
सरकारी वकील भुवन गौतम ने बताया कि उच्च न्यायालय ने अभियोजन पक्ष के तर्कों से सहमत होते हुए मामले के मुजरिम करण (19) को निचली अदालत द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा की पुष्टि की है। इसके साथ ही, निचली अदालत के इस निर्णय के खिलाफ मुजरिम की ओर से दायर अपील खारिज कर दी गई है।
 
करण को धार जिले की एक अदालत ने बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या के सनसनीखेज मामले में 17 मई को संबद्ध कानूनों के तहत दोषी ठहराया था और उसे मृत्युदंड सुनाया था। करण ने 15 दिसंबर 2017 की शाम को बच्ची का उसके घर के बाहर से अपहरण कर किया था। सुनसान जगह पर बलात्कार के बाद उसने बच्ची के सिर पर पत्थर से वार कर उसकी हत्या कर दी थी। (भाषा)

क्‍या अनशन खत्‍म करेंगे सोनम वांगचुक, अस्पताल में ही चलेगा इलाज, अनशन को लेकर क्‍या बोली पत्‍नी?

इमरान खान की बहन के बयान से मचा बवाल, साइबर एजेंसी ने भेजा समन, मामले का 'ऑपरेशन सिंदूर' से क्‍या है कनेक्‍शन?

मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक, विपक्ष ने किया वॉकआउट, जानिए क्यों मचा हंगामा?

CM मोहन यादव ने असंभव को किया संभव, UCC को कैबिनेट ने दी मंजूरी, जानें लिव-इन के लिए क्या हैं शर्तें?

Sonam Wangchuk Story : 3 Idiots के फुनसुख वांगडू से भी आगे है असली कहानी, जानिए कैसे बदली लद्दाख की तस्वीर

प्रदर्शनकारियों को मिला सपा सांसदों का साथ, डिंपल यादव समेत कई सांसद हिरासत में

देश के 60-70 फीसदी हिस्से पर बादलों का डेरा, दिल्ली को उमस से मिलेगी राहत, उत्तर भारत में भारी बारिश का अलर्ट

LIVE: संसद पहुंचे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने रोका, सभी गेट बंद, बड़ी संख्या में सुरक्षाबल तैनात

मोरबी में SOG की बड़ी कार्रवाई, नवलखी रोड पर मेफेड्रोन ड्रग्स बरामद, एक गिरफ्तार

महंत दिनेन्द्र दास निर्मोही अखाड़े से बेदखल, जा सकती हैं राम मंदिर ट्रस्ट की सदस्यता

अगला लेख