sawan somwar

मजेदार बाल गीत : नानी आज अकेली है...

Published: शुक्रवार, 1 जुलाई 2022 (17:06 IST)
Kids Poem
 
क्यों अब बनी पहेली है।
नानी आज अकेली है।
 
बात नहीं अब करता कोई,
घर में नाना-नानी से,
गुड़िया रानी को अब मतलब,
रहता नहीं कहानी से।
बचपन में नाना की गोदी,
में हर दिन जो खेली है।
 
गर्मी की छुट्टी में नाती,
नातिन घर में आए हैं।
लेकिन मोबाइल में दोनों,
बैठे आंख गड़ाए हैं।
मोबाइल से ही करते हैं,
पल-पल वे अठखेली है।
 
दादा-दादी भी तो शायद,
घर में निपट अकेले हैं।
घर के सोफे बिस्तर सब पर 
मोबाइल के मेले हैं।
पता नहीं खुशियों की चादर,
वापस किसने ले ली है।
 
ऐसा कुछ क्या हुआ चमन में,
फूल नहीं अब मुस्काते।
कर दी बंद महक फैलाना,
सब सुगंध खुद पी जाते।
यही अराजकता किस कारण,
दुनिया भर में फैली है।

(वेबदुनिया पर दिए किसी भी कंटेट के प्रकाशन के लिए लेखक/वेबदुनिया की अनुमति/स्वीकृति आवश्यक है, इसके बिना रचनाओं/लेखों का उपयोग वर्जित है...)
लेखक के बारे में
प्रभुदयाल श्रीवास्तव
12, शिवम सुंदरम नगर, छिंदवाड़ा, मध्यप्रदेश (Mo.-+919131442512).... और पढ़ें

Show comments

सभी देखें

मच्छर के काटने से खुजली क्यों होती है? जानें वैज्ञानिक कारण और उपचार

Health Tips: बॉड़ी में शुगर कम होने पर क्या-क्या परेशानियां होती हैं, जानें काम की बातें

हाथों और आंखों में छिपे हैं लिवर की बीमारी के संकेत! भूलकर भी न करें इन्हें नजरअंदाज

बारिश के मौसम में चाय के साथ बनाएं ये 5 परफेक्ट कॉम्बिनेशन वाले क्रिस्पी स्नैक्स, हर कोई करेगा तारीफ

समय रहते अगर हो जाए लक्षणों की पहचान, तो कैंसर जैसे रोगों का उपचार भी संभव

सभी देखें

15 अगस्त विशेष: शहीदों के सपनों का भारत नारों से नहीं, हमारे चरित्र और कर्म से बनेगा

जब उम्मीद थक जाए, तब साहस काम आता है

असली पनीर और Analog Paneer में क्या है फर्क? खरीदने से पहले ऐसे करें पहचान

लोकतंत्र की पहली पाठशाला: छात्रसंघ चुनावों की वापसी क्यों जरूरी? जानें युवाओं की बड़ी जिम्मेदारी

गरीबी चुराने कोई नहीं आता!

अगला लेख