सम्बंधित जानकारी
- IPL 2020 : शिखर धवन ने रचा इतिहास, लगातार 2 मैचों में नाबाद शतक, पंजाब को 165 रनों का लक्ष्य
- गरीबी में चेन्नई सुपर किंग्स का आटा गीला कर गए चोटिल ब्रावो
- IPL 2020, CSK vs RR : लगातार 7वीं हार के बाद निराश महेंद्र सिंह धोनी ने दिया बड़ा बयान
- IPL में अपने 200वें मैच में हारे MS Dhoni, राजस्थान की प्लेऑफ की उम्मीदें कायम
- धोनी 200 IPL मैच खेलने वाले पहले खिलाड़ी, CSK के लिए पूरे किए 4000 रन
IPL-13 : पूर्व कप्तान श्रीकांत का बड़ा सवाल, धोनी को जाधव और चावला में कौन सा स्पार्क दिखा?
चेन्नई। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और चयन समिति के अध्यक्ष रह चुके कृष्णामाचारी श्रीकांत (Krishnamachari Srikkanth) ने आईपीएल 2020 (IPL 2020) के मौजूदा सत्र में चेन्नई सुपर किंग्स (Chennai Super Kings) के निराशाजनक प्रदर्शन को लेकर टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (Mahendra Singh Dhoni) की कड़ी आलोचना करते हुए उनके टीम चयन को एकदम बकवास करार दिया और कहा कि वह आखिर बार-बार केदार जाधव और पीयूष चावला का चयन क्यों कर रहे थे?
राजस्थान के खिलाफ 7 विकेट से हारने के बाद चेन्नई की टीम अंक तालिका में सबसे नीचे पहुंच गई और आईपीएल के इतिहास में शायद ऐसा पहली बार होगा, जब चेन्नई की टीम प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई भी न कर पाए। चेन्नई के लिए अब बहुत काम संभावना बची है और कोई चमत्कार ही चेन्नई को प्लेऑफ में पहुंचा सकता है।
धोनी ने मैच खत्म होने के बाद कहा था कि टीम के युवा खिलाड़ियों ने अपने प्रदर्शन में जोश नहीं दिखाया, जिसके चलते टीम भी इस सत्र में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाई। धोनी के इस बयान की चौतरफा आलोचना हो रही है।
धोनी के इसी बयान को आड़े हाथों लेते हुए श्रीकांत ने धोनी के इन दावों को बकवास करार दिया और लेग स्पिनर पीयूष चावला और बल्लेबाज केदार जाधव के निरंतर चयन पर विशेष रूप से सवाल भी उठाए। उन्होंने जाधव और चावला पर तंज कसते हुए कहा कि उन्हें मैदान में क्षेत्ररक्षण करने के लिए स्कूटर की आवश्यकता हैं।
श्रीकांत ने धोनी की कड़ी आलोचना करते हुए कहा स्टारस्पोर्ट तमिल पर कहा, 'मैं धोनी के बयान को स्वीकार नहीं कर सकता। वह प्रक्रिया की जो बात करते है, वह पूरी तरह से निराधार हैं। उनके टीम के चयन की प्रक्रिया ही दरअसल गलत है।'
पूर्व चयनकर्ता प्रमुख ने एन जगदीशन का उदारहण देते हुए कहा कि जगदीशन ने इस सत्र में एक मैच खेला, जिसमें उन्होंने बेंगलुरु के खिलाफ 33 रन बनाए जबकि जाधव 8 मैच खेलकर कुल 62 रन ही बना पाए हैं। उन्होंने कहा, क्या जगदीशन में स्पार्क नहीं है और जाधव में स्पार्क है? यह हास्यास्पद है। मैं ऐसी बातों को स्वीकार नहीं कर सकता। एक तरफ प्रक्रिया की बात हो रही है और दूसरी तरफ चेन्नई के लिए टूर्नामेंट समाप्त हो चुका है।
श्रीकांत ने कहा, धोनी अब कहते हैं कि अब दबाव नहीं होगा और वह युवा खिलाड़ियों को मौका देंगे। यह क्या मजाक है। मैं इस तरह की बकवास को नहीं समझ सकता। उन्हें जगदीशन में कौन सा स्पार्क नहीं दिखा जो उन्होंने जाधव और चावला में देख लिया। कर्ण शर्मा ने कुछ विकेट तो लिए जबकि चावला ने क्या किया। वह तब गेंदबाजी करने आये जब मैच हाथ से जा चुका था। धोनी बेशक महान खिलाड़ी हैं लेकिन इस पर मैं उनसे सहमत नहीं हो सकता। (वार्ता)