क्या है RIMC राष्ट्रीय मिलिट्री कॉलेज, अब लड़कियां भी ले सकती हैं एड्मिशन, जानें पूरी प्रकिया

Last Updated: बुधवार, 6 अप्रैल 2022 (14:36 IST)
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> RIMC राष्‍ट्रीय इंडियन है। देहरादून स्थित देश का नामी मिलिट्री ट्रेनिंग स्‍कूल है। मिलिट्री कॉलेज में कैडेट्स को शुरू से ही सेना में महत्वपूर्ण पदों को संभालने की ट्रेनिंग दी जाती है। आइए जानते हैं इस कॉलेज में एडमिशन की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से -> राष्‍ट्रीय इंडियन मिलिट्री एग्जाम (RIMC)क्‍या है?
यह परीक्षा राष्‍ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज द्वारा कराई जाती है। साल में दो बार यह एग्जाम कंडक्ट की जाती है।

योग्यता - आवेदक सातवीं क्लास में पढ़ रहा हो या सातवी कक्षा की पढ़ाई कर चुका हो। आवेदक की उम्र साढ़े 11 साल से कम नहीं होनी चाहिए और 13 साल से अधिक नहीं होना चाहिए। आधिकारिक सूचना वेबसाइट RIMC पर www.rimc.gov.in पर देख सकते हैं।

सिलेबस क्‍या है एंट्रेंस एग्जाम का-

अंग्रेजी, गणित और सामान्य ज्ञान कुल तीन पेपर होते हैं। सभी में 50 फीसदी मार्क्स होना अनिवार्य है।

एंट्रेंस एग्जाम पैटर्न -

- लिखित परीक्षा - अंग्रेजी का 125 मार्क्स का पेपर होता है।
गणित का  200 मार्क्स का पेपर होता है।
सामान्‍य ज्ञान - 75 मार्क्स का पेपर होता है।

- इसके बाद वाइवा होता है। जिसका उद्देश्य होता है आवेदक को कितना ज्ञान है।

- मेडिकल परीक्षण - फिटनेस चेक की जाती है।

एंट्रेंस एग्जाम की फीस

600 रुपए जनरल आवेदकों के लिए।
555 रुपए एससी/एसटी आवेदकों के लिए।

ऑनलाइन पैमेंट के लिए WWW.RIMC.GOV.IN/PROSPECTUS.ASPX

डीडी से आवेदन करने के लिए -

इस परीक्षा के लिए पुराने प्रश्न पत्रों के सेट के साथ प्रोस्पेक्टस आप मंगा सकते हैं। इसके लिए कमांडेंट, राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज, देहरादून, उत्तराखंड, पिन 248 003" पर स्पीड पोस्ट करके प्राप्त किया जा सकता है। इसके लिए आपको भारतीय स्टेट बैंक में देय "कमांडेंट, आरआईएमसी, देहरादून" के पक्ष में आय- जाति प्रमाण पत्र के साथ डिमांड ड्राफ्ट भेजना होगा। ये डिमांड ड्राफ्ट सामान्य उम्मीदवारों के लिए 600 रुपये और एससी एसटी उम्मीदवारों के लिए 555 रुपये का होगा। इसे भवन शाखा, देहरादून (कोड - 01576) या RIMC वेबसाइट - www.rimc.gov.in पर ऑनलाइन भुगतान करके भी पा सकते हैं।

लड़कियों को भी एडमिशन - एनडीए से लड़कियों के भर्ती के लिए प्रवेश की अनुमति मिली है।

13 मार्च 1922 को ब्रिटिश - इंडियन गवर्नमेंट के द्वारा हुआ था। यहां पर इंडियन यूथ को मूल रूप से ट्रेनिंग दी जाती है। जो ब्रिटिश इंडियन आर्मी में मिलिट्री ऑफिसर के तौर पर आगे चलकर नियुक्त होते हैं। अभी तक आरआईएमसी में केवल लड़कों को ट्रेनिंग दी जाती थी। लेकिन सरकार के आदेश के बाद लड़कियों को भी यहां एडमिशन मिलता है।  
 




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