Daily Horoscope

वास्तु के अनुसार घर के ईशान, आग्नेय, नैऋत्य और वायव्य कोण में क्या होना चाहिए

घर के कोने में क्या होना चाहिए, जाने वास्तु शास्त्र के अनुसार

Updated: गुरुवार, 10 अप्रैल 2025 (16:24 IST)
Ishan agni nritya and vayavya kon Vastu : घर में कुल 16 दिशाएं होती हैं जिनमें से 10 प्रमुख है। ईशान, पूर्व, आग्नेय, दक्षिण, नैऋत्य, पश्‍चिम और वायव्य कोण के साथ अधो और ऊर्ध्व। इसमें चारों कोण यानी ईशान, आग्नेय, नैऋत्य और वायव्य कोण महत्वपूर्ण होते हैं। इस कोणों में कहां क्या होना चाहिए जानिए वास्तु शास्त्र के अनुसार। 
ALSO READ: वास्तु और ज्योतिष के अनुसार सिरहाने इन 5 चीजों में से एक वस्तु रखें
1. ईशान कोण : उत्तर और पूर्व के बीच की दिशा को ईशान कोण कहते हैं। ईशान कोण जल एवं भगवान शिव का स्थान है और गुरु ग्रह इस दिशा के स्वामी है। ईशान कोण में पूजा घर, मटका, कुंवा, बोरिंग वाटरटैंक स्थान बना सकते हैं। 
 
2. आग्नेय कोण : पूर्व और दक्षिण के बीच की दिशा को आग्नेय कोण कहते हैं। आग्नेय कोण अग्नि एवं मंगल का स्थान है और शुक्र ग्रह इस दिशा के स्वामी है। आग्नेय कोण को रसोईघर या इलैक्ट्रॉनिक उपकरण आदि का स्थान बना सकते हैं। 
 
3. वायव्य कोण : पश्‍चिम और उत्तर के बीच की दिशा को वायव्य कोण कहते हैं। वायव कोण में वायु का स्थान है और इस दिशा के स्वामी ग्रह चंद्र है। वायव कोण को खिड़की, उजालदान आदि का स्थान बना सकते हैं। यहां गेस्ट रूम भी बना सकते हैं। यहां बाथरूम या टॉयलेट भी बना सकते हैं।  
ALSO READ: वास्तु के अनुसार ईशान कोण का है मकान तो होंगे 10 चमत्कारिक फायदे
4. नैऋत्य कोण : दक्षिण और पश्‍चिम के बीच की दिशा को नैऋत्य कोण पृथ्‍वी तत्व का स्थान है और इस दिशा के स्वामी राहु और केतु है। नैऋत्य को ऊंचा और भारी रखना चाहिए। वैसे टीवी, रेडियो, सी.डी. प्लेयर अथवा खेलकूद का सामान यहां रख सकते हैं। नैऋत्य और दक्षिण में अलमारी, सोफा, मेज, भारी सामान तथा सुरक्षित रखे जाने वाले सामान रख सकते हैं।
ALSO READ: Vast Tips : वास्तु दोष को ठीक करने के लिए करें मात्र 3 उपाय

लेखक के बारे में
अनिरुद्ध जोशी
पत्रकारिता के क्षेत्र में 26 वर्षों से साहित्य, धर्म, योग, ज्योतिष, करंट अफेयर्स और अन्य विषयों पर लिख रहे हैं। वर्तमान में विश्‍व के पहले हिंदी पोर्टल वेबदुनिया में सह-संपादक के पद पर कार्यरत हैं। दर्शनशास्त्र एवं ज्योतिष: मास्टर डिग्री (Gold Medalist), पत्रकारिता: डिप्लोमा। योग, धर्म और ज्योतिष में विशेषज्ञता।.... और पढ़ें

Show comments

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में प्रवेश, 12 राशियों में किसकी चमकेगी किस्मत और किसे रहना होगा सावधान?

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में प्रवेश, 5 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन; धन-करियर में मिल सकता है बड़ा लाभ

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 17 सितंबर 2026: गुरुवार का पंचांग और शुभ समय

शनि और शुक्र का षडाष्टक योग, 5 राशियों के लिए अटके कार्य होंगे पूर्ण, मिलेगा भाग्य का साथ

Kanya Sankranti 2026: कन्या संक्रांति कब है? जानें महत्व, पूजा विधि और इस दिन दान करने से मिलने वाले पुण्य

बुध-शनि का समसप्तक योग: 12 राशियों पर पड़ेगा कैसा असर? जानिए मेष से मीन तक का राशिफल

मंगल का नीच राशि में गोचर 2026: इन 6 राशियों के लिए बदल सकता है समय, जानें राशिफल और प्रभाव

अगला लेख