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2021 के 10 माह में सेंसेक्स की तेज रफ्तार चाल, पहली बार 61,000 के पार

Updated: गुरुवार, 14 अक्टूबर 2021 (12:09 IST)
मुंबई। इंफोसिस, HDFC बैंक और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे बड़े शेयरों में तेजी के चलते प्रमुख शेयर सूचकांक सेंसेक्स गुुुरुवार को शुरुआती कारोबार के दौरान 350 अंक से अधिक चढ़कर पहली बार 61,000 के स्तर को पार कर गया।
 
इस दौरान 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक 61,159.48 के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचने के बाद खबर लिखे जाने तक 356.73 अंक या 0.59 फीसदी की तेजी के साथ 61,093.78 पर कारोबार कर रहा था। इसी तरह निफ्टी 119.75 अंक या 0.66 प्रतिशत बढ़कर 18,281.50 के नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।
 
सेंसेक्स में सबसे अधिक 2 प्रतिशत की बढ़त एलएडंटी में हुई। इसके अलावा इंफोसिस, एसबीआई, एनटीपीसी, एचडीएफसी बैंक, मारुति, आईटीसी और टाइटन भी तेजी के साथ कारोबार कर रहे थे। दूसरी ओर एचसीएल टेक, टीसीएस, एमएंडएम, इंडसइंड बैंक और बजाज फाइनेंस में गिरावट हुई।
 
पिछले सत्र में सेंसेक्स 452.74 अंक या 0.75 प्रतिशत बढ़कर 60,737.05 पर बंद हुआ था। निफ्टी 169.80 अंक या 0.94 प्रतिशत बढ़कर 18,161.75 पर बंद हुआ था।
 
इस तरह 31 साल में 61 हजारी हुआ सेंसेक्स : सेंसेक्स को 1,000 अंक से ऐतिहासिक 60,000 के स्तर तक पहुंचने में 31 साल से थोड़ा अधिक समय लगा। सूचकांक 25 जुलाई 1990 को 1,000 अंक पर था और चार मार्च 2015 इसने 30,000 अंक के स्तर को छुआ। सेंसेक्स को 30,000 अंक का स्तर छूने में 25 साल लग गए। इसके बाद छह साल में सेंसेक्स 30,000 से बढ़कर 61,000 के स्तर पर पहुंच गया। 
 
बेहतरीन रहा 2021 : 3 फरवरी 2021 को BSE का सेंसेक्स पहली बार 50 हजारी हुआ था। देखते ही देखते 15 फरवरी तक वह 52,000 के पार पहुंच गया। 7 जुलाई को सेंसेक्स 53 हजार क्रॉस कर गया। इसके बाद सेंसेक्स ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और 2 माह से भी कम समय में 5000 अंक चढ़ गया।
 
सेंसेक्स की रफ्तार बढ़ती ही जा रही थी। उसे 55000 से 60000 तक का सफर तय करने में मात्र 2 माह का समय लगा। हालांकि 60 हजार से 61 हजार का सफर तय करने में उसे मात्र 20 दिन लगे।
 
 

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