sundarkand

sawan somwar 2023 : इस विशेष मंत्र के साथ यदि शिवलिंग पर अर्पित किया कच्चा दूध तो हर छोटा-बड़ा संकट हो जाएगा दूर

Updated: बुधवार, 26 जुलाई 2023 (14:11 IST)
अत: इस समयावधि में कच्चा दूध पीने से हमारे सेहत को नुकसान पहुंच सकता है। इसीलिए श्रावण में कच्चे दूध के सेवन से बचना उचित कहा जाता है। लेकिन यदि आप श्रावण के महीने में शिवलिंग पर कच्चा दूध चढ़ाते हैं तो इसका विशेष महत्व हिन्दू धर्म में बतलाया गया है। समुद्र मंथन के दौरान शिव जी ने विषपान किया था, इसी कारण श्रावण मास में शिवलिंग का दूध से अभिषेक किया जाता है।
 
यदि आप शिवलिंग पर प्रतिदिन कच्चा गाय का दूध अर्पित करते हैं तो शिव जी बहुत जल्दी प्रसन्न होते हैं। धार्मिक ग्रंथों में गाय को माता माना गया है अत: गौमाता का दूध पवित्र और पूजनीय होने के कारण इसे शिव पर चढ़ाने से वे अपने भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।
 
आइए जानते हैं श्रावण में शिव जी पर दूध चढ़ाने का खास मंत्र- 
 
'नमः शंभवाय च मयोभवाय च नमः शंकराय च मयस्कराय च नमः शिवाय च शिवतराय च।।
ईशानः सर्वविध्यानामीश्वरः सर्वभूतानां ब्रम्हाधिपतिर्ब्रम्हणोधपतिर्ब्रम्हा शिवो मे अस्तु सदाशिवोम।।
तत्पुरषाय विद्म्हे महादेवाय धीमहि। तन्नो रुद्रः प्रचोदयात।।'
 
माना गया है कि दूध की प्रकृति शीतलता प्रदान करने वाली होती है और शिव जी को ऐसी वस्तुएं अतिप्रिय हैं जो उन्हें शीतलता प्रदान करती हैं।

इसके साथ ज्योतिष शास्त्र में भी दूध चंद्र ग्रह से संबंधित बताया गया है। अत: चंद्र से संबंधित सभी दोषों के निवारण के लिए श्रावण मास में तथा हर सोमवार को शिव जी को कच्चा दूध उपरोक्त मंत्र के साथ अर्पित करना चाहिए। इससे जीवन में आ रहे सभी छोटे-बड़े संकटों का नाश हो जाता है। 

अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं। इनसे संबंधित किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

ALSO READ: श्रावण विशेष: शिवजी को बेल पत्र चढ़ाते समय बोलें ये मंत्र, मिलेगा अपार धन

ALSO READ: श्रावण के महीने में क्यों खरीदना चाहिए 10 शुभ सामग्री? जानिए क्या होगा लाभ?
 

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 18 सितंबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

गणेश चतुर्थी 2026: गणपति को पांचवें दिन कौन सा भोग लगाएं, प्रसाद चढ़ाएं

बुधादित्य राजयोग से चमकेगा 4 राशियों का भाग्य! कन्या राशि में बुध-सूर्य की युति से मिलेंगे शुभ संकेत

भविष्य मालिका की भविष्यवाणी: क्या मक्का-मदीना में होगा घोर युद्ध? जानें क्या किया गया है दावा

नरेंद्र मोदी का जन्मदिन 17 सितंबर: जानिए कुंडली में क्या कहते हैं ग्रह-नक्षत्र और भविष्य के संकेत

अगला लेख