Publish Date: Tue, 10 May 2016 (12:00 IST)
Updated Date: Tue, 10 May 2016 (12:07 IST)
अगले 10-15 साल में ऐसे कौन से करियर ऑप्शन होंगे, जिनमें सबसे ज्यादा नौकरियां रहेंगी और सैलरी भी। जानिए, ऐसे 10 करियर ऑप्शंस के बारे में जो हमने विशेषज्ञों से बातचीत और कुछ रिसर्च के बाद निकाले हैं।
ऐप डेवलपर्स : वैसे तो यह इस समय भी एक हॉट प्रोफेशन है लेकिन आने वाले दिनों में ऐप डेवलप करने वालों की डिमांड तेजी से बढ़ेगी। तकनीक तेजी से बदल रही है और घर, फैक्ट्री, खेत, दुकान हर जगह ऐप्स की जरूरत होगी।
सॉफ्टवेयर डेवलपर्स : जिंदगी के हिसाब से और जिंदगी को आसान बनाने के लिए नए-नए सॉफ्टवेयर्स की जरूरत होगी। तरह-तरह के सॉफ्टवेयर चाहिए होंगे और उन्हें बनाने वाले भी।
डाटा ऐनालिस्ट : तकनीक बदलने के साथ डाटा बदलेगा और बढ़ेगा भी। ऐसे में उसका विश्लेषण करने और उसके सुरक्षित रख-रखाव करने वाले लोगों की डिमांड भी बढ़ने वाली है।
वेलनेस एक्सपर्ट : करियर एक्सपर्ट मानते हैं कि आने वाले 10-15 साल ब्यूटिशियन, फिटनेस ट्रेनर, ट्यूशन टीचर्स, लाइफ कोच या पर्सनल ब्रैंडिंग के अलावा काउंसिलर्स और थेरेपिस्ट जैसे एक्सपर्ट लोगों के होंगे।
स्मार्ट होम इंजीनियर्स : घर स्मार्ट होने वाले हैं। पश्चिम में तो शुरू हो भी गए हैं, भारत में भी वह वक्त ज्यादा दूर नहीं है जब घर स्मार्ट तकनीकों पर चलेंगे। इसलिए स्मार्ट होम इंजीनियर्स की बहुत डिमांड होगी।
3 डी डिजाइनर्स : आने वाला जमाना वर्चुअल रियलिटी का है। फिल्में 3 डी में बनने लगी हैं। अब तो टेलिविजन भी 3 डी हो गया है। आने वाले समय में थ्रीडी इंजीनियर्स को खूब कमाई का मौका मिलेगा।
कंस्ट्रक्शन एक्सपर्ट : सिर्फ तकनीक नहीं, दुनिया भी बदलेगी। नए तरह के निर्माण होंगे। जगह कम होगी और जरूरत ज्यादा। उसके लिए निर्माण के तौर-तरीके भी बदलेंगे। खुद को उसी के हिसाब से तैयार रखिए, बहुत डिमांड होगी।
प्राइमरी टीचर्स : इस वक्त भी प्राइमरी टीचर्स की दुनिया भर में कमी है। आने वाले समय में तो डिमांड और बढ़ेगी क्योंकि हायर एजुकेशन तो तकनीकी के सहारे चलेगी लेकिन छोटे बच्चों को अभी भी हाथों से संवारने की जरूरत होगी।
सेल्स मैनेजर्स : बेचना आना एक ऐसा गुण है जिसकी डिमांड आने वाले लंबे समय तक कम नहीं होने वाली। जो बनेगा, उसे बेचना भी होगा। तो बेचने वालों यानी सेल्स मैनेजर्स की डिमांड बढ़ती ही जाने वाली है।
नर्स : यह एक ऐसा पेशा है जिसकी मांग आज भी कम नहीं है और आने वाले वक्त में भी इसमें कमी आने की कोई संभावना नहीं दिख रही है। खासकर भारत में जहां कुछ दशकों में बूढ़ों की संख्या एकदम बढ़ेगी।