कौन है नित्यानंद की शिष्या विजयाप्रिया, कैलासा पर जिसके प्रस्ताव पर UN में छिड़ी थी बहस
भारत में रेप के आरोपों का सामने कर रहे भगोड़े नित्यानंद की प्रतिनिधि विजयाप्रिया हाल ही में संयुक्त राष्ट्र की बैठक में शामिल हुई थीं। भगवा वस्त्र में नित्यानंद की प्रतिनिधि विजयप्रिया की तस्वीरें सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है।
विजयाप्रिया ने संयुक्त राष्ट्र में भारतीय भगोड़े नित्यानंद द्वारा स्थापित तथाकथित 'यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ कैलासा (यूएसके)' को लेकर एक प्रस्ताव दिया था। नित्यानंद का दावा है कि विजयप्रिया संयुक्त राष्ट्र में उसकी स्थायी राजदूत हैं। उसने कई देशों के नेताओं से मुलाकात की है। हालांकि यह भी दावा किया गया कि विजयप्रिया एनजीओ के रूप में शामिल हुई थी।
फेसबुक प्रोफाइल के अनुसार, विजयप्रिया अमेरिका के वॉशिंगटन डीसी में रहती हैं। उसने अपने हाथ पर नित्यानंद का एक टैटू गुदवा रखा है। सोशल मीडिया पर वह हमेशा साड़ी पहने और गहनों से लदी दिखाई देती है।
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय ने कहा कि कैलासा के प्रतिनिधियों द्वारा पिछले सप्ताह जिनेवा में इसकी सार्वजनिक सभाओं में दी गई कोई भी दलील 'अप्रासंगिक' है और अंतिम मसौदा परिणाम में इस पर विचार नहीं किया जाएगा।
सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो और तस्वीरों के वायरल हो रहे हैं जिनमें यूएसके की एक प्रतिनिधि विजयप्रिया नित्यानंद "स्वदेशी अधिकार और सतत विकास" पर काल्पनिक देश की ओर से बोलते हुए दिखती है। दो सार्वजनिक कार्यक्रम 22 और 24 फरवरी को आयोजित किए गए थे।
I would like to clarify that I stated that the SPH Bhagavan Nithyananda Paramashivam is persecuted in his birthplace by certain anti-Hindu elements.
— KAILASA's SPH Nithyananda (@SriNithyananda) March 2, 2023
The United States of KAILASA holds India in high regard and respects India as its Gurupeedam.
Thank you
Ma Vijayapriya Nithyananda pic.twitter.com/s5TYGJtSnM
स्वयंभू धर्मगुरु नित्यानंद भारत में बलात्कार और यौन उत्पीड़न के कई आरोपों में वांछित है। वह अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज करता रहा है। उसका दावा है कि उसने 2019 में तथाकथित राष्ट्र 'यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ़ कैलासा (यूएसके)' की स्थापना की थी और इसकी वेबसाइट के अनुसार, इसकी जनसंख्या में दो अरब धर्मनिष्ठ हिंदू शामिल हैं।

