राष्ट्रपति जेलेंस्की से मिले पीएम मोदी, रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद दोनों दिग्गजों की पहली मुलाकात
G-7 समिट में हिस्सा लेने आए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जापान के हिरोशिमा में शनिवार को यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से मुलाकात की। रूस यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद यह दोनों नेताओं की पहली मुलाकात है।
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यूक्रेन में चल रहा युद्ध पूरे विश्व के लिए बहुत बड़ा मुद्दा है। पूरे विश्व पर इसके अनेक प्रकार के प्रभाव भी पड़े हैं। उन्होंने कहा कि मैं इसे राजनीति का मुद्दा नहीं मानता, मेरे लिए ये मानवता का मुद्दा है। इसके समाधान के लिए हमसे जो कुछ भी हो सकता है हम अवश्य करेंगे।
मोदी G7 के वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए 19 मई से 21 मई तक हिरोशिमा में रहेंगे, जिसमें उनके खाद्य, उर्वरक और ऊर्जा सुरक्षा समेत विश्व के सामने मौजूद चुनौतियों पर अपने विचार रखने की संभावना है।PM @narendramodi held talks with President @ZelenskyyUa during the G-7 Summit in Hiroshima. pic.twitter.com/tEk3hWku7a
— PMO India (@PMOIndia) May 20, 2023
मोदी जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने वाले विश्व के कुछ नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठक भी कर सकते हैं। जी7 में जापान, अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, कनाडा और इटली के साथ-साथ यूरोपीय संघ शामिल हैं।
प्रधानमंत्री मोदी, जापान से पोर्ट मोरेस्बी जायेंगे, जहां वह 22 मई को पापुआ न्यू गिनी के प्रधानमंत्री जेम्स मारपे के साथ फोरम फॉर इंडिया-पैसिफिक आइलैंड्स को-ऑपरेशन (एफआईपीआईसी) के तीसरे शिखर सम्मेलन की संयुक्त रूप से मेजबानी करेंगे।
प्रधानमंत्री अपनी यात्रा के तीसरे और अंतिम चरण में 22 से 24 मई तक ऑस्ट्रेलिया में होंगे। क्वाड सम्मेलन पहले सिडनी में होना था, लेकिन अब यह हिरोशिमा में होगा, क्योंकि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने वाशिंगटन में महत्वपूर्ण कर्ज-सीमा वार्ता पर ध्यान केंद्रित करने के लिए अपना वहां का दौरा स्थगित कर दिया था।
व्हाइट हाउस के मुताबिक, अमेरिका, भारत, ऑस्ट्रेलिया और जापान के क्वाड नेता इस बात पर चर्चा करेंगे कि कैसे वे महत्वपूर्ण और उभरती प्रौद्योगिकियों, उच्च गुणवत्ता वाले बुनियादी ढांचे, वैश्विक स्वास्थ्य, जलवायु परिवर्तन, समुद्री क्षेत्र में जागरूकता और हिंद प्रशांत क्षेत्र के लोगों के लिए मायने रखने वाले अन्य मुद्दों पर अपने सहयोग को मजबूत कर सकते हैं।
मोदी की पापुना न्यू गिनी की यात्रा किसी भारतीय प्रधानमंत्री की उस देश की पहली यात्रा होगी। मोदी ने कहा कि मैं आभारी हूं कि सभी 14 प्रशांत-द्वीपीय देशों ने इस महत्वपूर्ण शिखर सम्मेलनमें भाग लेने के निमंत्रण को स्वीकार कर लिया है।
चित्र सौजन्य : पीएमओ ट्विटर अकाउंट
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