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लघु बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में बदलाव नहीं, PPF पर मिलेगा 7.1 फीसदी ब्याज

Updated: शुक्रवार, 1 अप्रैल 2022 (00:04 IST)
नई दिल्ली। सरकार ने गुरुवार को सार्वजनिक भविष्य निधि (पीपीएफ) और राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (एनएससी) जैसी लघु बचत योजनाओं पर वित्त वर्ष 2022-23 की पहली तिमाही के लिए ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया। इन योजनाओं पर 2020-21 की पहली तिमाही से ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। पीपीएफ, एनएससी पर सालाना ब्याज दर पहली तिमाही में क्रमश: 7.1 प्रतिशत और 6.8 प्रतिशत बनी रहेगी।
 
वित्त मंत्रालय ने एक अधिसूचना में कहा कि विभिन्न लघु बचत योजनाओं के लिए 2022-23 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यानी इन योजनाओं पर वही ब्याज मिलेगा, जो चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च, 2021) में था। लघु बचत योजनाओं के लिए ब्याज दरों को तिमाही आधार पर अधिसूचित किया जाता है।
 
1 साल की मियादी जमा पर ब्याज दर 1 अप्रैल, 2022 से शुरू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 5.5 प्रतिशत होगी, वहीं बालिकाओं के लिए बचत योजना सुकन्या समृद्धि योजना पर 7.6 प्रतिशत ब्याज प्रतिशत मिलेगा। अधिसूचना के अनुसार 5 साल की वरिष्ठ नागरिक बचत योजना पर रु. 7.4 प्रतिशत की ब्याज दर मिलती रहेगी। बचत खाते पर ब्याज पहले की तरह 4 प्रतिशत होगा। 1 से 5 साल की अवधि के लिए मियादी जमा पर ब्याज 5.5 प्रतिशत से 6.7 प्रतिशत होगा जबकि 5 साल की आवर्ती जमा (आरडी) पर 5.8 प्रतिशत ब्याज मिलेगा।

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