Hanuman Chalisa

आषाढ़ मास में क्यों नहीं खाते हैं ये 7 चीजें

Published: शुक्रवार, 1 जुलाई 2022 (16:33 IST)
हिन्दू पंचांग का चौथा माह आषाढ़ महीने (Ashadha month) के नाम से जाना जाता है। आषाढ़ माह में भगवान सूर्यदेव और देवी दुर्गा की पूजा का विधान है। यह संधि काल का महीना होता है। वर्षा ऋतु और मौसम के बदलाव के कारण शारीरिक बीमारियों से दूर रहने के लिए इस महीने में कुछ खास चीजों को खाने की मनाई होती है। 
 
पौराणिक मान्यतानुसार आषाढ़ माह में वर्षा के कारण जल में जीव-जंतुओं की उत्पत्ति अधिक बढ़ जाती है, अत: इस माह स्वच्छ जल ही पीना चाहिए तथा इसकी स्वच्छता का विशेष ध्यान रखना चाहिए, ताकि पेट से संबंधित रोगों से दूर रहा जा सकें। इन दिनों पानी उबालकर पीना चाहिए।
 
इस माह में शरीर की पाचन क्रिया धीमी पड़ जाती है, अत: इस मास में स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना चाहिए। खास कर बारिश के मौसम या चातुर्मास के दौरान खाने-पीने की चीजों और सेहत को लेकर विशेष एहतियात बरतना चाहिए। इस महीने अन्न नहीं खाया जाता, बल्कि सिर्फ रसीले फल खाना उचित रहता है। इस दौरान सात्विक चीजें ग्रहण करना चाहिए।

आइए जानते हैं इस महीने क्या न खाएं...
 
1. आषाढ़ में हरी सब्जियां, पत्तेदार भाजियां बिलकुल नहीं खाना चाहिए।
 
2. इस माह जहां तक हो सके तेल वाली चीजें कम खाना उचित रहता है। 
 
3. इस माह बिलकुल भी बेल नहीं खाना चाहिए। 
 
4. आषाढ़ में मांस, मछली का सेवन नहीं करना चाहिए।
 
5. इन दिनों शराब, मदिरा और अन्य नशीले पदार्थों से दूर रहना चाहिए।
 
6. इस महीने बैंगन, मसूर की दाल, गोभी, लहसुन और प्याज का सेवन नहीं करना चाहिए। 
 
7. आषाढ़ का महीना धार्मिक दृष्‍टि से अधिक महत्व रखता हैं अत: इन दिनों गंध युक्त चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि यह चीजें मन भटकाव, काम भाव बढ़ाने तथा शरीर और मन की अशुद्धता को बढ़ाती है।

इस महीने में रोगों का संक्रमण अधिक होने के कारण अधिक से अधिक धर्म-कर्म में ध्यान देते हुए और सेहत के प्रति सावधानी रखते हुए खाने-पीने पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता होती है। 

ALSO READ: आषाढ़ मास के बड़े तीज-त्योहार, दिवस और पर्व

ALSO READ: भगवान विष्णु को प्रिय है ये 4 राशियां, आषाढ़ मास में देते हैं हर अच्छे काम पर आशीर्वाद


ALSO READ: आषाढ़ अमावस्या का क्या है महत्व, जानिए शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और 10 उपाय

Show comments

सभी देखें

गुप्त नवरात्रि में ये मंत्र जप लिया तो तुरंत ही दूर होंगे संकट और माता का मिलेगा आशीर्वाद

गुंडिचा मंदिर क्यों है जगन्नाथ रथयात्रा का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव? जानिए 5 खास बातें

भगवान जगन्नाथ की मौसी कौन हैं? जानिए रथयात्रा से जुड़ी यह रोचक परंपरा

गीता के छठे अध्याय के 10वें श्लोक की सही व्याख्या क्या है? मौलाना जरजिस अंसारी के दावे की पड़ताल

पुरी के जगन्नाथ मंदिर और रथयात्रा का इतिहास: कब, कैसे और क्यों हुई शुरुआत?

सभी देखें

भद्र योग का महासंयोग: बुध के मार्गी होते ही अब 7 राशियों की खुलेगी किस्मत, मिलेगा बड़ा लाभ

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में प्रवेश, 12 राशियों में किसकी चमकेगी किस्मत और किसे रहना होगा सावधान?

Devshayani Ekadashi 2026: देवशयनी एकादशी पर करें ये 5 उपाय, सुख और समृद्धि में होगी बढ़ोतरी

Asha Dashami Vrat 2026: आशा दशमी का महत्व और कथा

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (24 जुलाई, 2026)

अगला लेख