sundarkand
✕

आखि‍र कौन हैं ‘इस्‍लाम का बायकॉट’ करने वाली तसलीमा नसरीन?

Updated: शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2020 (13:19 IST)
तसलीमा नसरीन ने हाल ही में ट्व‍िटर पर लिखा था,

‘इस्‍लाम धर्म में सुधार की जरुरत है, नहीं तो आधुनिक सभ्‍यता में इस धर्म के लिए कोई जगह नहीं है’

इसके पहले तसलीमा ने ट्व‍िटर पर ही लिखा था, ‘बायकॉट इस्‍लाम’

तसलीमा नसरीन के इन ट्वीट्स के बाद सोशल मीडि‍या में खासा बवाल हुआ। जहां इस्‍लामि‍क कट्टरपंथि‍यों ने उनकी आलोचना की तो बाकी लोग खुलकर उनके समर्थन में आए।

तसलीमा दरअसल, लगातार खुलकर इस्‍लाम की बुराईयों और इस धर्म की खामियों के बारे में बात करती हैं।
हाल ही में फ्रांस में मोहम्‍मद पैगंबर के कार्टून को लेकर चल रहे विवाद में भी वे खुलकर अपना पक्ष रख रही हैं। वे लगातार ट्वीट करती हैं और मुस्‍लिम कट्टरतवाद को आइना दिखाती रहती हैं।

तसलीमा पाकिस्‍तान मूल के तारेक फतेह की तरह ही इस्‍लाम की बुराईयों की आलोचना करती हैं और भारत की पैरवी करती रही हैं।

ऐसे में सवाल उठता है कि आखि‍र कौन हैं तसलीमा नसरीन जो एक मुस्‍लि‍म महिला होते हुए भी इस्‍लामिक कट्टरता की जमकर आलोचना करती हैं।

कौन है तसलीमा?
तसलीमा नसरीन बांग्लादेश की जानी-मानी लेखिका हैं, वे अब तक कई किताबें लिख चुकी हैं, वे कविताएं लिखती हैं और उनकी एक नॉवेल ‘लज्‍जा’ पर भारत में फि‍ल्‍म भी बन चुकी है। इस फि‍ल्‍म के बाद उनके खि‍लाफ फतवा जारी कर दिया गया था।

इस्‍लामिक कट्टरता के खि‍लाफ लिखने और बयानबाजी की वजह से वे मुस्‍लिम कट्टरपंथि‍यों के निशाने पर रहती हैं। बांग्‍लादेश मुस्‍लिम देश है इसी वजह से उन्‍हें वहां से निर्वासित होकर भारत में शरण लेना पड़ी। हालांकि वे स्‍वीडन की नागरिक हैं। लेकिन वे बार-बार अपना वीजा बढवाकर भारत में ही रहती हैं। वे साल 2004 से भारत में रह रही हैं। तसलीमा पेशे से एक डॉक्‍टर रही हैं, लेकिन बाद में वे लेखि‍का बन गई।

25 अगस्‍त 1962 में बांग्‍लादेश के मयमनसिंह में पैदा हुईं तसलीमा ने बांग्‍लादेश से ही चिकित्‍सा में डि‍ग्री ली है। पहले वे यूरोप और अमेरिका में रहती थी, बाद में वे भारत में रहने लगी। इस्‍लाम पर टि‍प्‍पणी करने की वजह से उन पर कई बार हमले की कोशिश हो चुकी हैं। वे नारीवादी आंदोलन से भी जुड़ी हैं, और चाहती हैं कि भारत में हर क्षेत्र में महिलाओं की मजबूत भागीदारी हो। अपने इंटरव्‍यू में वे कई बार अपने देश बांग्‍लादेश लौटने की बात करती हैं, लेकिन उन्‍हें वहां जान से मारने का खतरा होने की वजह से वे वहां नहीं जा पा रही हैं।

एक बार उन्‍होंने मशहूर बांग्‍ला लेखक सुनील गंगोपध्‍यान पर यौन शोषण का आरोप लगाया था। इसलिए उन पर कई बार सस्‍ती लोकप्र‍ि‍यता हासिल करने के भी आरोप लगते रहे हैं, हालांकि फि‍लहाल वे एक बड़ी और जानी-मानी लेखि‍का हैं।
लेखक के बारे में
नवीन रांगियाल
नवीन रांगियाल DAVV Indore से जर्नलिज्‍म में मास्‍टर हैं। वे इंदौर, भोपाल, मुंबई, नागपुर और देवास आदि शहरों में दैनिक भास्‍कर, नईदुनिया, लोकमत और प्रजातंत्र जैसे राष्‍ट्रीय अखबारों में काम कर चुके हैं। करीब 15 साल प्रिंट मीडिया में काम करते हुए उन्‍हें फिल्‍ड रिपोर्टिंग का अच्‍छा-खासा अनुभव है। उन्‍होंने अखबार.... और पढ़ें

Houthi : हूती विद्रोही कौन हैं? सऊदी अरब और हूतियों में दुश्मनी क्यों ? क्या है उनका असली मकसद, ईरान किसलिए करता है मदद

डोनाल्ड ट्रंप पर पूर्व मिस स्विट्जरलैंड ने लगाया रेप का आरोप

Kinetic DX इलेक्ट्रिक स्कूटर, 102KM रेंज और 90KM/H की स्पीड, जानें फीचर्स

क्या पेड था पेट्रोल में 20% इथेनॉल मिलाने का विरोध, नितिन गडकरी ने खोल दी पोल

आज से काउंटर टिकट पर भी 10 लाख रुपए का इंश्योरेंस लागू, जानें मात्र 45 पैसे में कैसे मिलेगा फायदा?

Cyclonic storm Arnab : चक्रवात 'अर्णब' को लेकर अलर्ट, आंध्रप्रदेश के तट से टकराने की आशंका, 53 ट्रेनें रद्द

Sonia Gandhi : सोनिया गांधी की किताब से मचेगा 'तमाशा'! बोलीं- दशकों से दूसरे बताते रहे मेरी कहानी, अब मेरी बारी

Jagan Mohan Reddy : BJP से मोहभंग या INDIA गठबंधन की ओर कदम? क्या 2029 से पहले बदल सकती है YSRCP की रणनीति

कभी बेटियों का स्कूल जाना था मुश्किल, अब रात दो बजे भी बेखौफ लौटती हैं : CM योगी

22 प्रस्तावों पर योगी कैबिनेट की मुहर, शिक्षा कर्मियों को कैशलेस इलाज से लेकर रोबोटिक्स पार्क और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं को मिली मंजूरी

अगला लेख