Hanuman Chalisa

पद्म पुरस्कारों के लिए नामांकन की प्रक्रिया शुरू, 15 सितंबर है अंतिम तारीख

सोमवार, 22 अगस्त 2022 (16:43 IST)
नई दिल्ली। पद्म पुरस्कार 2023 के लिए ऑनलाइन नामांकन और सिफारिश करने की प्रक्रिया की शुरुआत हो गई है और इसकी अंतिम तारीख 15 सितंबर है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सोमवार को एक बयान में कहा कि आम लोग पद्म पुरस्कारों के लिए नामांकन और सिफारिशें भेज सकते हैं। मंत्रालय ने कहा कि वे राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं।
 
1954 में स्थापित किए गए 3 पद्म पुरस्कार (पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्मश्री) देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार हैं। हर साल गणतंत्र दिवस के मौके पर इनकी घोषणा की जाती है। पद्म पुरस्कारों के माध्यम से सरकार कला, साहित्य और शिक्षा, खेल, चिकित्सा, सामाजिक कार्य, विज्ञान और इंजीनियरिंग, जनसेवा, लोक सेवा, व्यापार और उद्योग जैसे विभिन्न क्षेत्रों में 'विशिष्ट कार्य' को मान्यता देती है।
 
सरकारी कर्मचारियों और सार्वजनिक क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारी पद्म पुरस्कार के लिए पात्र नहीं हैं। मगर इसमें सरकारी डॉक्टरों और वैज्ञानिकों को छूट दी गई है। बयान में कहा गया है कि मोदी सरकार पद्म पुरस्कारों को 'पीपुल्स पद्मा' में तब्दील करने के लिए प्रतिबद्ध है। उसमें कहा गया है कि महिलाओं, समाज के कमजोर वर्गों, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति, दिव्यांग व्यक्तियों में से तथा और समाज की नि:स्वार्थ सेवा कर रहे लोगों में से उन प्रतिभाशाली व्यक्तियों की पहचान करने के लिए ठोस प्रयास किए जा सकते हैं जिनकी उत्कृष्टता और उपलब्धियां वास्तव में सम्मान पाने की हकदार हैं।(भाषा)

Show comments

CJP protest Photos : CJP के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की 10 तस्वीरें, देखें पूरे दिन क्या हुआ

152 पेपर लीक और 7.5 करोड़ छात्रों का मुद्दा, राहुल गांधी ने मोदी सरकार को घेरा, बोले- मुद्दे उठाने वाले छात्र पीटे जाते हैं

क्या सस्ता है Motorola Edge 70 Max, 5000 रुपए की छूट, 7100mAh बैटरी, Snapdragon 8 Gen 5 और AI फीचर्स के साथ भारत में लॉन्च

Dimple Yadav : CJP के प्रदर्शन में पुलिस की लाठीचार्ज पर भड़कीं डिंपल यादव, बताया काला दिवस, प्रदर्शनकारियों को पिलाया पानी

Priyanka Gandhi : पेपर लीक विरोध प्रदर्शन पर बवाल, संसद मार्च के दौरान दिल्ली में झड़पें, प्रियंका गांधी का बड़ा बयान

सभी देखें

योगी सरकार में बिना भेदभाव सभी जिलों में निर्धारित शेड्यूल से अधिक की जा रही विद्युत आपूर्ति

बाढ़ हो या सूखा, हर नागरिक की सुरक्षा-सुविधा सुनिश्चित हो: मुख्यमंत्री

केन-बेतवा परियोजना: ‘विकास’ की राह में क्यों खड़े ग्रामीण

छात्रों के बाद किसान आंदोलन की तैयारी, शंभु और खनौरी बॉर्डर बंद, भारी सुरक्षा बल तैनात

LIVE: छात्रों पर लाठीचार्ज पर गरमाई सियासत, राहुल से अखिलेश तक विपक्षी नेताओं से मोदी सरकार से पूछा सवाल

अगला लेख