अनुराग ठाकुर और प्रवेश वर्मा पर EC का चाबुक, सूची से हटाने के आदेश से प्रचार कराने की मांग बढ़ी

पुनः संशोधित बुधवार, 29 जनवरी 2020 (23:43 IST)
नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा के लिए एक चुनावी रैली में मंच से भड़काऊ नारे लगाने का खामियाजा केंद्रीय मंत्री को भुगतना पड़ा है। ने अनुराग और भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा का नाम भगवा पार्टी के स्टार प्रचारकों की सूची से हटाने का आदेश दिया है।
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हालांकि भाजपा नेताओं ने कहा है कि दिल्ली विधानसभा चुनाव लड़ रहे पार्टी के कई उम्मीदवार अपने-अपने क्षेत्रों में केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर से प्रचार कराने की मांग कर रहे हैं। दिल्ली में 8 फरवरी को होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार जोरों पर है।
चुनाव आयोग ने विवादित बयानों को लेकर मंगलवार को ठाकुर को और बुधवार को भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा को कारण बताओ नोटिस जारी कर दोनों नेताओं से गुरुवार को दोपहर 12 बजे तक आयोग के समक्ष अपना पक्ष रखने को कहा है।

पार्टी के सूत्र ने कहा कि चुनाव आयोग के नोटिस का भाजपा कार्यकर्ताओं और उम्मीदवारों के बीच ठाकुर की लोकप्रियता में बमुश्किल कोई प्रभाव पड़ेगा। इसके उलट, दिल्ली विधानसभा चुनाव में उनसे प्रचार कराने की मांग बढ़ी है।
पार्टी के एक नेता ने कहा कि कई विधानसभा क्षेत्रों से उनके द्वारा प्रचार करने की मांगें प्राप्त हुई हैं। अगले कुछ दिनों में 12 से अधिक विधानसभा क्षेत्रों में ठाकुर के प्रचार करने का कार्यक्रम है। इस बीच, आयोग द्वारा बुधवार को जारी बयान के अनुसार, ठाकुर और वर्मा का नाम भाजपा के स्टार प्रचारकों की सूची से तत्काल प्रभाव से अगला आदेश जारी होने तक हटाने को कहा गया है।

निर्वाचन नियमों के मुताबिक किसी पार्टी के स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल नेताओं के प्रचार का खर्च संबद्ध पार्टी के चुनाव प्रचार के खर्च में शामिल होता है जबकि स्टार प्रचारकों की सूची से इतर नेताओं के प्रचार पर होने वाले व्यय को उम्मीदवार के चुनावी खर्च में शामिल किया जाता है।



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