suvichar
✕

भारत बंद : भाजपा सरकार के लिए फि‍र एक बड़ी चुनौती

Updated: गुरुवार, 6 सितम्बर 2018 (18:07 IST)
SC ST एक्ट में संशोधन के विरोध में सवर्ण समाज द्वारा शुरु हुए बंद का असर देशभर के अलावा मध्यप्रदेश में व्यापक रूप में देखा गया और सवर्ण समाज के साथ-साथ पिछड़ा वर्ग के संगठनों का समर्थन इस बंद को हासिल था। 
 
बिहार को छोड़ दें तो भले ही भारत बंद का आव्हान उग्र रूप से नहीं किया गया हो, लेकिन बंद का सीधा असर राजनीतिक दलों से लेकर आम लोग, यहां तक कि बच्चों पर भी देखा गया।
 
मध्यप्रदेश की बात करें तो किसान आंदोलन के गर्म दूध से जली सरकार और राज नीतिक पार्टियां अब छाछ भी फूंक-फूंक कर पीती नजर आ रही है और यही कारण है कि बंद को देखने हुए एहतियात के तौर पह पहले ही सुरक्षा व्यवस्था को चाक चौबंद कर दिया गया था।
 
 
एक तरह राजनीतिक पार्टियों के आयोजनों को रोक दिया गया, तो दूसरी ओर नेताओं के घरों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गईं। इन्हें डर था कि किसी तरह के आयोजन में नेताओं की उपस्थिति विरोध को बढ़ा सकती है और काले झंडे भी दिखाएं जा सकते हैं। वहीं दूसरी ओर किसी भी अप्रिय स्थिति के डर से स्कूल और कॉलेजों में भी छुट्टी घोषित कर दी गई।
 
कुल मिलाकर एससी-एसटी एक्ट में संशोधन का जिस तरह विरोध किया जा रहा है, उसमें भाजपा आगे कुंआ पीछे खाई वाली स्थति में है। एक तरफ पार्टी अनुसूचित जाति-जनजाति के वोट बैंक‍ के चलते उसे अपने पक्ष में करने के प्रयास में थी, वहीं दूसरी ओर सवर्णों का पारंपरिक और मजबूत वोट बैंक अब उसके बूते से फिसलता नजर आ रहा है।

 
आरक्षण तक तो ठीक था लेकिन सवर्ण जिस तरह से अपने अधिकारों को लेकर मुखर हुए हैं, वह चुनावी साल में सरकार के लिए बड़ी चुनौती है...। 
लेखक के बारे में
प्रीति सोनी

Show comments

Tiger Shroff Firing Case में मुंबई पुलिस का बड़ा खुलासा, प्रेस कॉन्फ्रेंस में क्या कहा

Uttarakhand : कुंजापुरी मेले में दलेर मेहंदी का कार्यक्रम बीच में रुकवाया, मंत्री सुबोध उनियाल ने लगाई फटकार

BSNL यूजर्स ध्यान दें! ऐसे चेक करें रिचार्ज की वैलिडिटी और बचा हुआ डेटा, ये हैं 4 आसान तरीके

Electric Scooter : सस्ते स्कूटर की होने वाली है धमाकेदार इंट्री, जान लीजिए फीचर्स, और क्या हो सकती है कीमत

UP चुनाव 2027 : सर्वे में BJP को बढ़त का दावा, योगी सरकार से 77% संतुष्ट, CM पद के लिए योगी आदित्यनाथ पहली पसंद

सभी देखें

अक्टूबर के अंत तक आ सकता है परिसीमन बिल? दक्षिण के दल बदल रहे हैं सुर

नवरात्रि पर्व के अवसर पर अहमदाबाद में मैथिली ठाकुर ने जमाया रंग, CM भूपेंद्र पटेल ने दी गायिका को दी शुभकामनाएं

Jio IPO ने रचा इतिहास! ₹2.5 लाख करोड़ से ज्यादा का दांव, एंकर निवेशकों की डिमांड 30 गुना पार

CJP नेताओं आशुतोष रांका और सौरव दास की बढ़ीं मुश्किलें, क्राइम ब्रांच को सौंपा गया केस, क्या बोले अभिजीत दिपके

Airtel के नए वॉइस-only रिचार्ज प्लान लॉन्च, ₹185 से शुरू; कॉलिंग और SMS के लिए नहीं मिलेगा डेटा

अगला लेख