इमरान खान की रिहाई के लिए हजारों कार्यकर्ता पाकिस्तान की सड़कों पर, बेगम बुशरा कर रहीं अगुवाई
पाकिस्तान में एक बड़ा आंदोलन छिड़ गया है। दरअसल, जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) की रिहाई को लेकर लोग सड़कों पर उतर आए हैं। रिहाई की मांग को लेकर पूरे देश से पीटीआई कार्यकर्ता इस्लामाबाद (PTI Islamabad Protest) की ओर जा रहे हैं। कई जगह हालात बेकाकू होते जा रहे हैं। जगह-जगह हिंसा की खबरें भी सामने आ रही हैं। बता दें कि पीटीआई कार्यकर्ताओं के इस आंदोलन की अगुवाई इमरान खान की बेगम बुशरा बीबी कर रही हैं। बता दें कि इमरान खान इस वक्त पाकिस्तान की जेल में एक मामले में बंद हैं।
इमरान खान की पत्नी बुशरा बीबी और खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री अली अमीन गंडापुर "करो या मरो" वाले विरोध प्रदर्शन के लिए इस्लामाबाद की तरफ बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों के कारवां का नेतृत्व कर रहे हैं। एक वीडियो सामने आया है, जिसमें बुशरा बीबी सीएम गंडापुर के साथ कंटेनर पर खड़े होकर पीटीआई कार्यकर्ताओं में जोश भरती दिखाई दे रही हैं।
लॉकडाउन जैसी स्थिति : इस प्रदर्शन के शुरू होने से पहले ही 48 घंटे के लिए पूरे इस्लामाबाद में अघोषित लॉकडाउन कर दिया है। और शायद पाकिस्तान दुनिया का इकलौता देश है, जिसकी राजधानी इस वक्त कंटेनर लॉक्ड है। पाकिस्तान सरकार ने इस प्रदर्शन को दबाने और इस्लामाबाद तक प्रदर्शनकारियों को ना पहुंचने देने के लिए जितने भी रास्ते हैं, सबको बड़े बड़े शिपिंग कंटेनर रखकर बंद कर दिया है। कुल 35 से ज्यादा ऐसी सड़कें हैं जो बाकी प्रांत से इस्लामाबाद को जोड़ती हैं, जो बंद हैं।Imran Khan supporters crossing rivers to reach D Chowk Protest .#Islamabad #Pakistan #nov24 #FinalCallDoOrDiepic.twitter.com/LuNe6kQtfc
— Navid Khan (@navtor24) November 24, 2024
इमरान खान की पत्नी बुशरा बीबी और खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री अली अमीन गंडापुर "करो या मरो" वाले विरोध प्रदर्शन के लिए इस्लामाबाद की तरफ बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों के कारवां का नेतृत्व कर रहे हैं। एक वीडियो सामने आया है, जिसमें बुशरा बीबी सीएम गंडापुर के साथ कंटेनर पर खड़े होकर पीटीआई कार्यकर्ताओं में जोश भरती दिखाई दे रही हैं।
जिन शिपिंग कंटेनरों से सड़कें ब्लॉक की गई हैं, ये कोई मुफ्त की नहीं हैं। इसके लिए भी करोड़ों खर्च करने पड़ सकते हैं। अगर ये प्रदर्शन लंबे समय तक चला तो इन कंटेनरों के लिए शहबाज सरकार को बड़ी कीमत चुकानी पड़ सकती है। कंटेनर के किराए की बात करें तो यह करोड़ों में है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, तकरीबन 25 करोड़ रूपये तो 1600 से ज्यादा का कंटेनरों के किराये के तौर पर पिछले पांच महीने में पाकिस्तानी सरकार को चुकाने पड़े हैं। और एक बार फिर से कंटेनर सड़कों पर हैं। पिछले डेढ़-दो साल में सरकार को प्रदर्शनों को रोकने के लिए 270 करोड़ रुपये ज्यादा का खर्च पड़े हैं।
पीटीआई समर्थकों का काफिला शक्ति प्रदर्शन के लिए लगातार इस्लामाबाद की ओर बढ़ रहा है। ये काफिला सोमवार तड़के गाजी बरोथा पुल को पार कर गया है। जगह-जगह पुलिस का पहरा है। चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा रही है। लाहौर प्रशासन ने आज तड़के महानगर के कई हिस्सों में यातायात आंशिक रूप से बहाल कर दिया है। दाता दरबार, आजादी चौक, शाहदरा और शहर के अन्य इलाकों में यातायात आंशिक रूप से बहाल किया गया है।Edited By: Navin Rangiyal

