लखनऊ क्या पहले था लक्ष्मणपुर, जानिए क्या कहते हैं पौराणिक प्रमाण

Lucknow
Last Updated: मंगलवार, 17 मई 2022 (16:33 IST)
हमें फॉलो करें
Lucknow
हाल ही में सीएम योगी ने यह ट्वीट पीएम नरेंद्र मोदी के स्वागत में किया है। इस ट्वीट में उन्होंने लिखा, ‘शेषावतार भगवान श्री जी की पावन नगरी में आपका हार्दिक स्वागत व अभिनंदन…’ इस ट्वीट के बाद कयास लगाए जा रहे हैं कि क्या अब लखनऊ का नाम बदलकर किया जाएगा? भारत के उत्तर प्रदेश की राजधानी है लखनऊ। लखनऊ बहुत प्राचीन शहर है। इतिहासकार इसके संबंध में भिन्न-भिन्न मत रखते हैं। आओ जानते हैं कि क्या कहते हैं पौराणिक प्रमाण।


पौराणिक प्रमाण :
1. कौशल राज्य : पौराणिक मान्यता है कि लखनऊ शहर लक्ष्मण ने बसाया था। उत्तर भारत में लक्ष्मण को लखन भी कहते हैं। लखनऊ उस क्षेत्र में स्थित है जिसे ऐतिहासिक रूप से अवध क्षेत्र के नाम से जाना जाता था। लखनऊ प्राचीन कौशल राज्य का हिस्सा था।

2. लक्ष्मणपुर : कहते हैं कि प्राचीनकाल में इसे लक्ष्मणावती, लक्ष्मणपुर या के नाम से जाना जाता था, जो बाद में बदलकर लखनऊ हो गया। यहां से अयोध्या मात्र 80 मील दूरी पर स्थित है। 11वीं शताब्दी तक लखनपुर (या लक्ष्मणपुर) के नाम से यह शहर जाना जाता था।

3. लक्ष्मणवती : एक अन्य मतानुसार यह शहर लक्ष्मण के बाद लक्ष्मणवती के रूप में जाना जाता था। यह नाम पहले लखनवती और फिर विकृत होते-होते लखनौती और आखिरकार लखनऊ में बदल गया।

4. लक्ष्मणटीला : लखनऊ शहर के पुराने भाग में एक ऊंचा ढूह है, जिसे लक्ष्मणटीला कहा जाता है। यहां पुरातात्विक खुदाई में वैदिक कालीन अवशेष प्राप्त हुए हैं। कहते हैं कि लक्ष्मणटीला पर पहले लक्ष्मणजी का प्राचीन मंदिर था जिसे मुगल बादशाह औरंगजेब ने तुड़वाकर एक मस्जिद बनवाई थी।

मुगल काल में लखनऊ :
1. बागों का शहर : गोमती नदी के तट पर स्थित लखनऊ को मुस्लिम काल में नवाबों का शहर कहा जाने लगा और वर्तमान में लखनऊ को 'बागों का शहर' कहा जाता है।

2. लखनऊ पर मुस्लिम शासन : लखनऊ अकबर, जहांगीर और औरंगजेब के बाद मुहम्मदशाह, सआदत खां, सफदरजंग, शुजाउद्दौला, गाजीउद्दीन हैदर, नसीरुद्दीन हैदर, मुहम्मद अली शाह और अंत में लोकप्रिय नवाब वाजिद अली शाह ने क्रमशः शासन किया। नवाब आसफुद्दौला के समय राजधानी फैसलाबाद से लखनऊ लाई गई। इन सभी शासकों के दौरा में लखनऊ का हिन्दू स्वरूप मिटा दिया गया। इमामबाड़ा, मस्जिदें, ईदगाह, कोठी, जमातखाना, मदरसे, बाग आदि कई मुस्लिम स्थल बनाए गए।

अंग्रेज काल में लखनऊ:
1. नार्थ वेस्ट प्रोविन्स : 1856 ईस्वी में अंग्रेजों ने वाजिद अली शाह को गद्दी से उतार कर संपूर्ण अवध क्षेत्र को ब्रिटिश भारत में सम्मिलित कर लिया गया। तब 1902 में 'नार्थ वेस्ट प्रोविन्स' का नाम बदल कर 'यूनाइटिड प्रोविन्स ऑफ आगरा एण्ड अवध' कर दिया गया।

2. उत्तर प्रदेश : स्वतंत्रता के बाद 12 जनवरी सन् 1950 में इसका नाम बदलकर उत्तर प्रदेश रख दिया गया। इसे पहले 1920 में प्रदेश की राजधानी को इलाहाबाद से बदल कर लखनऊ कर दिया गया।

- संकलन अनिरुद्ध



और भी पढ़ें :