Daily Horoscope
✕

World Tribal Day 2022 : आज विश्व आदिवासी दिवस, जानिए इसके बारे में

Updated: मंगलवार, 9 अगस्त 2022 (14:20 IST)
World Tribal Day
 

 
 
प्रतिवर्ष 9 अगस्त को 'विश्व आदिवासी दिवस' के रूप में मनाया जाता है। इस दिन संयुक्त राष्ट्र संघ (UNO) ने आदिवासियों के भले के लिए एक कार्यदल गठित किया था जिसकी बैठक 9 अगस्त 1982 को हुई थी। उसी के बाद से (UNO) ने अपने सदस्य देशों को प्रतिवर्ष 9 अगस्त को 'विश्व आदिवासी दिवस' मनाने की घोषणा की।

 
1. जब 21वीं सदी में संयुक्त राष्ट्र संघ (UNO) ने महसूस किया कि आदिवासी समाज उपेक्षा, बेरोजगारी एवं बंधुआ बाल मजदूरी जैसी समस्याओं से ग्रसित है, तभी इस समस्याओं को सुलझाने, आदिवासियों के मानवाधिकारों को लागू करने और उनके संरक्षण के लिए इस कार्यदल का गठन किया गया था। 
 
2. आदिवासी शब्द दो शब्दों 'आदि' और 'वासी' से मिल कर बना है और इसका अर्थ मूल निवासी होता है।
 
3. भारत की जनसंख्या का 8.6% यानी कि लगभग (10 करोड़) जितना बड़ा एक हिस्सा आदिवासियों का है।
 
4. आदिवासी प्रकृति पूजक होते है। वे प्रकृति में पाये जाने वाले सभी जीव, जंतु, पर्वत, नदियां, नाले, खेत इन सभी की पूजा करते है। और उनका मानना होता है कि प्रकृति की हर एक वस्‍तु में जीवन होता है।
 
5. भारत के प्रमुख आदिवासी समुदायों में जाट, गोंड, मुंडा, खड़िया, हो, बोडो, भील, खासी, सहरिया, संथाल, मीणा, उरांव, परधान, बिरहोर, पारधी, आंध, टोकरे कोली, महादेव कोली, मल्हार कोली, टाकणकार आदि शामिल हैं।

 
5. आदिवासी समाज के लोग अपने धार्मिक स्‍थलों, खेतों, घरों आदि जगहों पर एक विशिष्‍ट प्रकार का झंडा लगाते है, जो अन्‍य धर्मों के झंडों से अलग होता है।
 
6. भारतीय संविधान में आदिवासियों के लिए 'अनुसूचित जनजाति' पद का इस्तेमाल किया गया है।
 
7. आदिवासी झंडे में सूरज, चांद, तारे इत्‍यादी सभी प्रतीक विद्यमान होते हैं और ये झंडे सभी रंग के हो सकते है। वो किसी रंग विशेष से बंधे हुए नहीं होते है।

Show comments

सभी देखें

मच्छर के काटने से खुजली क्यों होती है? जानें वैज्ञानिक कारण और उपचार

Health Tips: बॉड़ी में शुगर कम होने पर क्या-क्या परेशानियां होती हैं, जानें काम की बातें

हाथों और आंखों में छिपे हैं लिवर की बीमारी के संकेत! भूलकर भी न करें इन्हें नजरअंदाज

बारिश के मौसम में चाय के साथ बनाएं ये 5 परफेक्ट कॉम्बिनेशन वाले क्रिस्पी स्नैक्स, हर कोई करेगा तारीफ

समय रहते अगर हो जाए लक्षणों की पहचान, तो कैंसर जैसे रोगों का उपचार भी संभव

सभी देखें

सपने में पुराने संसद भवन से संवाद

रोज की कॉफी में मिलाएं यह मसाला: ब्रेन फॉग, फैटी लिवर और सूजन से मिलेगी मुक्ति; जानिए क्या है 'यूजेनॉल' का जादुई विज्ञान!

जलवायु पर बोझ बनी अमीरी, भुगत रहे हैं गरीब

लेखिका ज्योति जैन की चार पुस्तकों का भव्य लोकार्पण समारोह सफलतापूर्वक संपन्न

सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती पर क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय एकता दिवस?

अगला लेख