दद्दू का दरबार: कांटे की टक्कर
प्रश्न: दद्दू जी चुनावों में हमेशा कांटे की टक्कर ही क्यों होती है। फूलों की टक्कर क्यों नहीं?
उत्तर- क्योंकि चुनाव पूर्व राजनीति की राह कांटों भरी ही होती है। फूल तो चुनाव जीतने वाले दल पर परिणाम आने के बाद बरसते हैं।
लेखक के बारे में
एमके सांघी