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ओमिक्रॉन वैरिएंट के लिए क्‍या सही है आपका पुराना मास्क?

Updated: शनिवार, 25 दिसंबर 2021 (14:22 IST)
कोरोनावायरस के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन आ गया है। 90 से ज्यादा देशों में इसके मामले सामने आ चुके हैं। भारत में भी कुछ ऐसा ही हाल है।

अब कई राज्यों में ओमिक्रॉन के केस आ चुके हैं, जिससे लोगों की टेंशन भी बढ़ गई है। ऐसे में मास्‍क की भूमिका सबसे ज्‍यादा अहम हो जाती है।

दरअसल, कई रिपोर्ट में सामने आया है कि ओमिक्रॉन वेरिएंट ज्यादा स्पीड से फैलता है, इसलिए मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग का खास ख्याल रखना आवश्यक है।

इस वेरिएंट के लिए कौनसा मास्क आवश्यक है और जिस मास्क का इस्तेमाल आप कर रहे हैं क्या वो सही है। हम आपको बताते हैं कि आपको ओमिक्रॉन से बचने के लिए कौनसा मास्क लगाना चाहिए।

कौनसा मास्क?
कोविड -19 महामारी की शुरुआत में डॉक्टर्स ने N95 या K95 मास्क का इस्तेमाल करने के लिए कहा था। हालांकि, उस वक्त इन मास्क का प्रोडक्शन काफी कम हो रहा था और इसकी काफी कमी थी, जो अब नहीं है। इस वजह से डॉक्टर्स ने कपड़े के मास्क या गमछा जैसी चीजों के लिए कहा था कि अभी इनसे भी कोरोना से बचा जा सकता है और उसे धोकर इस्तेमाल करने के लिए कहा था।

अब ओमिक्रॉन वेरिएंट को देखते हुए एक्सपर्ट्स ने N95 या K95 मास्क का उपयोग करने का सुझाव दिया है, क्योंकि अभी इनकी काफी आपूर्ति हो रही है।

एक रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका में जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी मिलकेन इंस्टीट्यूट स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ में प्रोफेसर डॉ लीना वेन ने कहा है कि ‘कपड़े के मास्क अब सजावट के लिए इस्तेमाल हो रहे हैं और ओमिक्रॉन जैसे वेरिएंट में इसके लिए कोई जगह नहीं है’

ऐसे में सलाह दी जा रही है कि ओमिक्रॉन से बचने के लिए N95 का इस्तेमाल करना चाहिए।

आप कपड़े का मास्क पहन सकते हैं, लेकिन आपको ध्यान रखना चाहिए कि आप अकेले कपड़े का मास्क नहीं पहनें। कपड़े के मास्क के साथ ही आपको एक और मास्क पहनने की आवश्कता होती है। इसके लिए आप साथ में सर्जिकल मास्क भी लगा सकते हैं ताकि आपका डबल बचाव हो सके।

क्‍या है फर्क
अधिकतर N95 मास्क होते है, जो आपको दिखने में एक कटोरी जैसे लगते हैं और KN95 मास्क थोड़े अलग होते हैं और आमतौर पर लोग ये मास्क पहने हुए नज़र आ जाते हैं। वैसे गुणवत्ता के आधार पर तुलना करें तो दोनों मास्क में कोई खास अंतर नहीं होता है। दोनों मास्क एक जैसे ही होते हैं और दोनों मास्क ही 0.3 माइक्रोन पार्टिकल्स को रोकने में सक्षम होते हैं।

इसके अलावा दोनों की फ्लो रेट भी करीब 85 L/Min होती है। साथ ही कई अन्य मायनों में भी दोनों मास्क एक जैसा ही काम करते हैं और क्वालिटी भी एक जैसी ही होती हैं।

N95 मास्क को अमेरिकी संस्थान के नेशनल इंस्टीट्यूट फॉर ऑक्यूपेशनल सेफ्टी एंड हेल्थ की ओर से अप्रूवल मिला है। वहीं, KN95 मास्क की बात करें तो यह NIOSH की ओर से अप्रूव्ड नहीं है।

कई रिपोर्ट्स में कहा गया है कि मास्क के साथ ही मास्क पहनने का तरीका भी काफी महत्वपूर्ण है। वैसे सबसे बेहतर N95 मास्क माने गए हैं, इसके बाद सर्जिकल और इसके बाद कपड़े वाले मास्क को सबसे सेफ माना जाता है।

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