बासु चटर्जी को कला फिल्मों का निर्देशक कहा जाता था, तो उन्हें ऐतराज होता था। यदि उन्हें कमर्शियल सिनेमा का डायरेक्टर कहा जाए, तो भी उन्हें आपत्ति होती थी। दरअसल वे साठ-सत्तर के दशक के मध्यमार्गी सिनेमा के हमसफर रहे हैं। उन्होंने ऋषिकेश मुखर्जी, गुलजार और सई परांजपे की तरह...