sundarkand

श्री कृष्ण के 56 नामों की सुंदर स्तुति : कृष्ण, कान्हा और श्याम

Updated: बुधवार, 7 दिसंबर 2022 (12:31 IST)
ढाई अक्षरों से सजे, कृष्ण, कान्हा और श्याम।
तीन अक्षरों के, मदन, मोहन, माधव, मुरारी,गोकुल के, गोपाल, गोपेश, केशव, बिहारी।
साढ़े तीन के कन्हाई, कन्हैया, विट्ठल कहलाए, गोविंद से बृजेश बनकर, सबके मन को भाए।
चारअक्षरी, यदुराज, यदुनाथ, वासुदेव, बनवारी, श्रीनाथजी, नटवर बने दामोदर, गिरधारी। 
साढ़े चार के नन्दलाल बने वंशीधर, घनश्याम, गोपेश्वर, योगेश्वर, राधाकांत, राधेश्याम।
पंचाक्षर मधुसूदन, मुरलीधर बने माखनचोर, पांडुरंग भी नाम धराया राधारमण, चितचोर। 
साढ़े पांच के नंदकिशोर बने कुंजबिहारी, राधावल्लभ, बृजमोहन, द्वारकाधीश, बांकेबिहारी। 
छै के नन्दनन्दन ही बने, गिरिवरधारी, श्यामसुंदर बने रणछोड़राय द्वारिका, पधारी।
साढ़े छै के गोवर्धनधारी थे तो देवकीनन्दन, यशोदा मैया ने पाला था, कहलाए यशोदानन्दन। 
सप्ताक्षर गिरिराजधरण की शोभा अति प्यारी,साढ़े सात के बृजकुलभूषण, वृंदावनबिहारी।
कामबीजशिरोमणि अष्टाक्षर नाम धराया,भाद्रपद कृष्णा अष्टमी को जन्मदिन पाया। 
सब भक्तों ने श्रद्धा से अपना शीश नवांया,आपके 56 नामों का आपको भोग लगाया।
 
साभार : सोशल मीडिया 

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 18 सितंबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

गणेश चतुर्थी 2026: गणपति को पांचवें दिन कौन सा भोग लगाएं, प्रसाद चढ़ाएं

बुधादित्य राजयोग से चमकेगा 4 राशियों का भाग्य! कन्या राशि में बुध-सूर्य की युति से मिलेंगे शुभ संकेत

भविष्य मालिका की भविष्यवाणी: क्या मक्का-मदीना में होगा घोर युद्ध? जानें क्या किया गया है दावा

नरेंद्र मोदी का जन्मदिन 17 सितंबर: जानिए कुंडली में क्या कहते हैं ग्रह-नक्षत्र और भविष्य के संकेत

अगला लेख