Hanuman Chalisa

कड़वे प्रवचन के लिए मशहूर मुनिश्री तरुण सागर की तबीयत नाजुक, गुरु से मिली समाधि मरण की स्वीकृति

Updated: शुक्रवार, 31 अगस्त 2018 (16:11 IST)
अपने कड़वे प्रवचन के लिए विश्‍वभर में मशहूर दिगंबर जैन मुनिश्री तरुण सागर महाराज को 20 दिन पहले पीलिया हुआ था। इन दिनों मुनि तरुण सागरजी दिल्ली में चातुर्मास कर रहे है और वहीं पर पीलिया होने से उनकी तबीयत नाजुक है। मुनिश्री की देखरेख करने वाले ब्रह्मचारी सतीश के अनुसार, औषधियां देने के बाद भी  उनकी सेहत में सुधार नहीं हो रहा है। मुनिश्री का जो इलाज चल रहा था, उसे भी बंद कर दिया गया है। 
 
मुनिश्री ने अपना इलाज बंद कर चातुर्मास स्थल पर जाने का निर्णय लिया है। एक दैनिक अखबार में छपी खबर के अनुसार, उन्हें देखने पांच जैन संत दिल्ली पहुंच रहे हैं, इनमें सौभाग्य सागर महाराज शामिल हैं। 
 
उधर, मुनि तरुण सागर के गुरु आचार्य पुष्पदंत सागर महाराज जी ने एक वीडियो जारी कर कहा कि तरुण सागर की हालत गंभीर है। मैंने सौरभ सागर व अरुण सागर से कहा है कि वे दिल्ली पहुंचें और उनकी समाधि में सहयोग करें। अपने संदेश में पुष्पदंत सागर जी ने कहा कि 'तरुण सागर महाराज कोई संप्रदाय नहीं है, वे किसी के नहीं, बल्कि सबके हैं, इसलिए उन पर अधिकार न जमाएं। अधिकार और अहंकार छोड़कर उनके लिए दुआएं करें, तो वह काफी है।' 
 
'जब भी उनकी समाधि की सूचना मिले, तो आप किसी भी अहंकार के भाव को लेकर वहां न जाएं, बल्कि समभाव से जाएं। तरुण सागर महाराज सबके हैं, उनके लिए सच्चे दिल से संत समाज, आमजन दुआएं करें। मुझे आशा है कि आप मेरी बात मानेंगे।'

ALSO READ: अपने विचारों से जनमानस को आकर्षित करने वाले मुनि हैं तरुण सागरजी
 
आचार्य पुष्पदंत महाराज ने मुनि तरुण सागर को समाधि मरण की स्वीकृति दे दी है। इस समयावधि में मुनिश्री आहार-जल कुछ भी ग्रहण नहीं करेंगे। मुनि तरुण सागर महाराज ने जो खाद्य वस्तुओं का सेवन त्यागा है, वह संल्लेखना के तहत ही आता है। सभी लोग उनके अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना कर रहे हैं। 
 
मुनिश्री ने मृत्युपर्यंत अन्न-जल का त्याग कर दिया है। दिल्ली में कई जैन संत उनकी समाधि (मृत्यु महोत्सव) कराने उनके पास पहुंच रहे हैं। वहीं गुरु पुष्पदंत सागर महाराज ने वीडियो मैसेज जारी कर तरुण सागर के लिए प्रार्थना करने और समाधि महोत्सव मनाने की अपील की है।


ALSO READ: दिगंबर जैन क्रांतिकारी संत मुनिश्री तरुण सागरजी के कड़वे प्रवचन

Show comments

सभी देखें

गुप्त नवरात्रि में ये मंत्र जप लिया तो तुरंत ही दूर होंगे संकट और माता का मिलेगा आशीर्वाद

गुंडिचा मंदिर क्यों है जगन्नाथ रथयात्रा का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव? जानिए 5 खास बातें

भगवान जगन्नाथ की मौसी कौन हैं? जानिए रथयात्रा से जुड़ी यह रोचक परंपरा

गीता के छठे अध्याय के 10वें श्लोक की सही व्याख्या क्या है? मौलाना जरजिस अंसारी के दावे की पड़ताल

पुरी के जगन्नाथ मंदिर और रथयात्रा का इतिहास: कब, कैसे और क्यों हुई शुरुआत?

सभी देखें

Guru Purnima 2026: इन 5 गुरुओं की पूजा से मिलेगा ज्ञान, सुख और समृद्धि का आशीर्वाद

24 July Birthday: आपको 24 जुलाई, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 24 जुलाई 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

Ashadha Purnima 2026: आषाढ़ी पूर्णिमा कब है, जानिए इस दिन का खास महत्व

अगला लेख