मंदसौर रेपकांड : धीरे-धीरे कम हो रहा है पीड़ित बच्ची के मन का डर
Updated: रविवार, 1 जुलाई 2018 (19:48 IST)
इंदौर। मंदसौर में बर्बर सामूहिक बलात्कार की शिकार सात वर्षीय स्कूली छात्रा को इस वारदात के सदमे से उबारने के लिए मनोचिकित्सकों की मदद ली जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि उसके मन में पैठा डर धीरे-धीरे कम हो रहा है। पीड़ित बच्ची मंदसौर से करीब 200 किलोमीटर दूर इंदौर के शासकीय महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय (एमवायएच) में 27 जून की रात से भर्ती है।
एमवायएच के अधीक्षक वीएस पाल ने बताया कि शरीर के अलग-अलग अंगों में गंभीर चोटों के मद्देनजर तीन दिन पहले उसकी सर्जरी की गई थी और अब उसके घाव भर रहे हैं। उन्होंने बताया कि बच्ची के इलाज के दौरान हम मनोचिकित्सकों की मदद भी ले रहे हैं, ताकि वह दुष्कर्म के सदमे से जल्द से जल्द उबर सके। पाल खुद एक मनोचिकित्सक हैं। उन्होंने कहा कि वारदात के बाद बच्ची स्तब्ध और बेहद डरी हुई थी, लेकिन अब उसके चेहरे पर पहले के मुकाबले कम डर दिखाई दे रहा है।
इस बीच दो मनोचिकित्सकों ने सामूहिक बलात्कार पीड़ित बच्ची और उसके माता-पिता की आज काउंसलिंग की। बच्ची की काउंसिलिंग के बाद मनोचिकित्सक स्वाति प्रसाद ने बताया कि बच्ची उन चीजों के बारे में बात कर रही है, जो उसे पसंद हैं। मसलन- उसका पसंदीदा खेल, पसंदीदा खाना और पसंदीदा टीवी सीरियल आदि। ये बेहद सकारात्मक संकेत हैं जो बताते हैं कि वह सदमे से उबर रही है।
धीरे-धीरे उसकी मानसिक स्थिति और मजबूत होगी। प्रदेश सरकार ने बच्ची के बेहतर इलाज के लिए मुंबई के वरिष्ठ पीडियाट्रिक सर्जन रवि रामाद्वार को आज इंदौर बुलाया। उन्होंने एमवायएच में बच्ची की सेहत की जांच के बाद कहा कि बच्ची के इलाज की दिशा एकदम सही है और उम्मीद है कि वह जल्द ही गहन चिकित्सा इकाई (आईसीयू) से बाहर आएगी।
TVS iQube MillionR Edition लॉन्च, 145 किमी रेंज और Type-C चार्जिंग समेत मिलेंगे ये फीचर्स, हासिल किया 10 लाख यूनिट का आंकड़ा, कीमत जानेंगे तो हो जाएंगे हैरान
नेपाल में बाढ़ से तबाही तो दिल्ली में H1N1 का कहर, मामलों की संख्या 3000 के करीब
कांवड़ यात्रा पर दिग्विजय सिंह के बयान से गरमाई सियासत, भाजपा ने बताया सनातन का अपमान, माफी की मांग
चीनी कैमरे ने रिकॉर्ड की Nepal की तबाही का भयावह दृश्य, जिस जगह टूटा था ग्लेशियर, वहां पहुंचा चीनी हेलीकॉप्टर
तिब्बत में टूटा ग्लेशियर का 'थूथन', नेपाल में हाहाकार, 30 फीट ऊंची प्रलयंकारी बाढ़ का खौफनाक सच