biodatamaker

आषाढ़ का महीना 2026: क्या करें और किन गलतियों से बचें?

Updated: शनिवार, 6 जून 2026 (16:25 IST)
मौसम बदल रहा है और इसके साथ ही शुरू हो रहा है सनातन परंपरा का बेहद खास महीना- आषाढ़। इस साल यानी 2026 में 30 जून से 14 जुलाई तक आषाढ़ का कृष्ण पक्ष रहेगा, और फिर 15 जुलाई से 29 जुलाई तक शुक्ल पक्ष चलेगा। चूंकि आषाढ़ का महीना सीधे तौर पर वर्षा ऋतु (Monsoon) के आगमन और सेहत से जुड़ा है, इसलिए हमारे शास्त्रों में इस दौरान लाइफस्टाइल को लेकर कुछ बेहद जरूरी नियम बताए गए हैं। अगर आप भी अपने जीवन में सुख, समृद्धि और अच्छी सेहत चाहते हैं, तो इन 'डूज़ एंड डोंट्स' (Do's & Don'ts) का खास ख्याल रखें।
 

आषाढ़ में क्या 'जरूर' करें? (The Do's)

पानी वाले फल खाएं: चूंकि उमस और गर्मी रहती है, इसलिए तरबूज, खरबूजा और खीरे जैसे रसीले फलों को अपनी डाइट में शामिल करें।
भगवान विष्णु की भक्ति: इस महीने नारायण की पूजा का विशेष महत्व है। रोजाना उनके मंत्रों का जाप करें और 'विष्णु सहस्त्रनाम' का पाठ जरूर करें।
सूर्य देव को अर्घ्य: रोज सुबह उठकर तांबे के लोटे से सूर्य देव को जल अर्पित करें, इससे मान-सम्मान और ऊर्जा बढ़ती है।
पवित्र स्नान और दान: एकादशी, अमावस्या या पूर्णिमा के दिन किसी पवित्र नदी में स्नान करें। इसके बाद जरूरतमंदों को छाता, खड़ाऊ (चप्पल), आम, खरबूजा, मिठाई और दक्षिणा दान करें। मानसून में छाते का दान सबसे उत्तम माना जाता है।
 

भूलकर भी क्या 'न' करें? (The Dont's)

मांगलिक कार्यों पर ब्रेक: इस महीने भगवान विष्णु 4 महीनों के लिए योग निद्रा (चातुर्मास) में चले जाते हैं। इसलिए शादी-विवाह, मुंडन या गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्य करने से बचें।
पानी की बर्बादी: आषाढ़ वर्षा ऋतु का स्वागत करता है, इसलिए जल का अपमान या पानी की बर्बादी करने से वरुण देव और मां लक्ष्मी नाराज होती हैं।
बासी और तामसिक भोजन से तौबा: इस मौसम में इंफेक्शन का खतरा सबसे ज्यादा होता है। इसलिए बासी खाना, हैवी/तली-भुनी चीजें, शराब, मांस-मदिरा, मसूर की दाल और बैंगन खाने से बचें।
हरी पत्तेदार सब्जियां बंद: मानसून के कारण पत्तागोभी, पालक जैसी हरी सब्जियों में कीड़े लगने की संभावना सबसे ज्यादा होती है, इसलिए इन्हें खाने से परहेज करें।
एक छोटी सी सलाह: आषाढ़ का महीना धार्मिक रूप से जितना पवित्र है, वैज्ञानिक दृष्टिकोण से यह खुद को डिटॉक्स (Detox) करने और बीमारियों से सुरक्षित रखने का बेस्ट टाइम है। नियमों का पालन करें, स्वस्थ रहें!

लेखक के बारे में
वेबदुनिया धर्म-ज्योतिष टीम
पौराणिक कथा, इतिहास, धर्म और दर्शन के जानकार, अनुभवी ज्योतिष, लेखक और विषय-विशेषज्ञों द्वारा लिखे गए आलेखों का प्रकाशन किया जाता है।.... और पढ़ें

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

हरियाली अमावस्या 2026: इस दिन कब करें पूजा? जानिए शुभ मुहूर्त, 5 मंत्र और 7 खास उपाय

हरियाली अमावस्या 2026: क्यों खास है यह अमावस्या? जानिए महत्व और पौराणिक कथा

साल 2026 का सबसे बड़ा सूर्य ग्रहण: देश-दुनिया पर क्या होगा असर? जानिए 12 राशियों का भविष्यफल

पूर्ण सूर्य ग्रहण 2026: कब लगेगा, सूतक काल कितने घंटे रहेगा? जानें समय, कहां दिखेगा और राशियों पर असर

श्रावण मास की शिवरात्रि पर करें ये 5 अचूक उपाय, दूर होंगे ग्रह-दोष और जीवन की परेशानियां

अगला लेख