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Weather update : बारिश से बेहाल मुंबई, कई ट्रेनें रद्द, मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी

Updated: गुरुवार, 5 सितम्बर 2019 (11:47 IST)
मुंबई में मंगलवार से जारी बारिश ने बुधवार को भी कहर बरपाया और गुरुवार को भी भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। भारी बारिश से 20 उड़ानें रद्द कर दी गईं और 280 उड़ानों में देरी हुई। लोकल ट्रेनों का पूरी तरह से संचालन नहीं हो रहा है। कई जगहों पर गुरुवार को स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे। अगले 24 घंटों में मुंबई और इसके आसपास के इलाकों में तेज बारिश का अनुमान जताया है और रेड अलर्ट जारी किया है।

खबरों के मुताबिक, मुंबई में मंगलवार से जारी भारी बारिश ने बुधवार को भी कहर बरपाया और गुरुवार को भी भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। भारी बारिश से 20 उड़ानें रद्द कर दी गईं और 280 उड़ानों में देरी हुई। लोकल ट्रेनों का पूरी तरह से संचालन नहीं हो रहा है।
कई जगहों पर गुरुवार को स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे। अगले 24 घंटों में मुंबई और इसके आसपास के इलाकों में तेज बारिश का अनुमान जताया है और रेड अलर्ट जारी किया है। मुंबई में आज भी भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। मुंबई आने वाली कुछ उड़ानों को मौसम सही नहीं होने तक रोका गया है।
बाहर की 76 फीसदी तक उड़ानें बारिश के कारण प्रभावित हुई हैं। लगभग 280 उड़ानों में देरी सामने आई है। भारी बारिश की वजह से मुंबई और पूरे तटीय कोंकण के इलाके जलभराव की चपेट में आ गए हैं। मीठी नदी के ओवरफ्लो होने सेबाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं।

अगले 24 घंटों में मुंबई और इसके आसपास के इलाकों में तेज बारिश का अनुमान जताया है और 'रेड अलर्ट' जारी किया है, जिसमें अधिकारियों को किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है। बिगड़े हालात के मद्देनजर अब कई जगहों पर गुरुवार को स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे। मौसम विभाग ने मुंबई में तेज बारिश की चेतावनी देते हुए जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है।

भारी बारिश के कारण मुंबई में छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर गुरुवार को लगातार दूसरे दिन विमानों का परिचालन प्रभावित रहा और 30 उड़ानें रद्द हो गईं। इसके अलावा 118 उड़ानों में देरी हुई।
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गुजरात में हो सकती है रिकॉर्ड बारिश : गुजरात में मानसूनी वर्षा ने औसत सालाना आंकड़े यानी 100 प्रतिशत के आंकड़े को पार कर लिया है। मौसम केंद्र के सरकारी आंकड़ों के अनुसार राज्य में अब तक 103.02 प्रतिशत वर्षा हो चुकी है और चूंकि मानसून के वापसी की शुरुआत की राज्य में सामान्य तिथि 15 सितंबर है और वर्ष 2011 से अब तक यह भी देर से ही हो रहा है, इसलिए अनुमान है कि राज्य में इस बार रिकॉर्ड वर्षा हो सकती है।

मौसम विभाग ने आने वाले 4 दिनों में भी राज्य में कई स्थानों पर भारी से अति भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है। पिछले 24 घंटे में सभी 33 जिलों के 225 तालुका में वर्षा हुई जिसमें सर्वाधिक 287 मिमी वापी में हुई है। पिछले साल राज्य में मात्र 76.69 प्रतिशत वर्षा हुई थी, जबकि वर्ष 2017 में 110 प्रतिशत से कुछ अधिक वर्षा हुई थी।

अल्पवर्षा के लिए कुख्यात कच्छ इलाके में जहां पिछले साल 25 प्रतिशत से भी कम वर्षा हुई थी, ने इस बार रिकॉर्ड तोड़ वर्षा दर्ज की है और 125.86 प्रतिशत के साथ यह शीर्ष पर है। पूर्व मध्य गुजरात में 98.41 प्रतिशत, सौराष्ट्र में 94.56 तथा दक्षिण गुजरात में 114.45 वर्षा हुई है जो वास्तविक मात्रा के लिहाज से 1623 मिमी के साथ सर्वाधिक है। 
 

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