माल्या के साथ होगा अन्य कैदियों की तरह बर्ताव...

पुनः संशोधित बुधवार, 19 जुलाई 2017 (23:12 IST)
नई दिल्ली। भारत ने को स्पष्ट कर दिया है कि भगोड़ा कारोबारी विजय माल्या सहित भारतीय वांछितों के साथ में अन्य कैदियों की तरह ही बर्ताव किया जाएगा।
गृह मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गृह सचिव राजीव महर्षि ने अपने ब्रिटिश समकक्ष पेट्सी विल्किंसन को पिछले सप्ताह लंदन में एक मुलाकात के दौरान यह बात कही। साथ ही महर्षि ने यह भी कहा कि भारतीय जेलों में भी यूरोपीय देशों की जेलों से कम सुविधाएं नहीं हैं।

नाम उजागर नहीं करने की शर्त पर अधिकारी ने बताया कि ब्रिटेन की यात्रा पर गए एक भारतीय प्रतिनिधमंडल का नेतृत्व कर रहे महर्षि ने ब्रिटिश अधिकारियों से कहा कि ब्रिटेन से प्रत्यर्पित होने वालों को उचित जेल में रखा जाएगा और उसे यूरोपीय जेलों की तरह ही सहूलियतें भी मुहैया कराई
जाएंगी।

हालांकि भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि किसी भी प्रत्यर्पित व्यक्ति को उसकी मर्जी के मुताबिक सुविधाएं नहीं दी जाएंगी और उसके साथ अन्य कैदियों की तरह ही बर्ताव किया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल ने ब्रिटिश अधिकारियों से भारत के इस रुख से लंदन स्थित अदालत को भी अवगत करा देने को कहा है।

माल्या ने भारत की ब्रिटिश सरकार के समक्ष उसके प्रत्यर्पण के अनुरोध को स्थानीय अदालत में यह कहते हुए चुनौती दी है कि भारत में जेलों की हालत स्थापित मानकों की तुलना में काफी बदतर है इसलिए उसका प्रत्यर्पण नहीं किया जाए। इसके जवाब में भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने ब्रिटश अधिकारियों को बताया कि भारतीय जेलों की बैरकें यूरोपीय जेलों से बड़ी हैं और सभी जेलों में अस्पताल सहित सभी पुख्ता चिकित्सा सुविधाएं भी मौजूद हैं।
इस बीच गृह मंत्रालय ने महाराष्ट्र सरकार को भी आर्थर रोड जेल में कैदियों को दी जाने वाली सुविधाएं बेहतर करने को पहले ही कह दिया है। समझा जाता है कि ब्रिटेन से प्रत्यर्पण होने पर माल्या को इसी जेल में रखा जाएगा। भारत में बैंकों से 9000 करोड़ रुपए के कर्ज की अदायगी नहीं करने के आरोप में माल्या को भारतीय अदालत से भगोड़ा घोषित किया जा चुका है। वह भारत से मार्च 2016 में चोरी-छुपे भागकर ब्रिटेन में जा छुपा है। (भाषा)



और भी पढ़ें :